नई दिल्ली। इंडिगो संकट पर अब DGCA भी सरकार की निगरानी में आ गया है। नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू ने एक इंटरव्यू में साफ किया कि इंडिगो में हुई अव्यवस्थाओं की जांच सिर्फ एयरलाइन तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि नियामक DGCA की भूमिका की भी गहन पड़ताल होगी।
साथ ही मंत्री ने यात्रियों को हुई दिक्कतों पर खेद जताते हुए कहा कि पूरे मामले में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त और आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
राम मोहन नायडू ने संकेत दिए कि इंडिगो की यह बड़ी चूक किसी साधारण गलती जैसी नहीं दिखती, बल्कि इसमें इच्छा या लापरवाही से हुई गड़बड़ी की संभावना नजर आती है। उन्होंने कहा कि सरकार यह पता लगा रही है कि संकट ठीक उसी समय क्यों उत्पन्न हुआ और जबकि ऑपरेशंस जारी थे, फिर भी स्थिति अचानक खराब कैसे हो गई। सरकार पूरे घटनाक्रम के पीछे की वजहों की विस्तृत जांच कर रही है।
CEO को पद से हटाने की संभावना पर नायडू ने साफ कहा कि अगर हालात मांगेंगे, तो कार्रवाई से पीछे नहीं हटेंगे। जो भी कानूनी कदम आवश्यक होंगे, वे उठाए जाएंगे। उन्होंने यह भी बताया कि पिछले सात दिनों से वे लगातार मीटिंग्स में जुटे हुए हैं और मुश्किल से ही आराम कर पाए हैं, क्योंकि उनकी पूरी प्राथमिकता यात्रियों की दिक्कतें कम करना है।