PlayBreaking News

क्या है क्वाड?जिसके लिए भारत आ रहीं ऑस्ट्रेलिया विदेश मंत्री पेनी वोंग? कौन-कौन से देश शामिल?

भारत की मेजबानी में होने जा रही QUAD विदेश मंत्रियों की बैठक को लेकर दुनिया की नजर नई दिल्ली पर टिकी है। ऑस्ट्रेलिया की विदेश मंत्री पेनी वोंग इस अहम बैठक में शामिल होने भारत आ रही हैं।
Follow on Google News
जिसके लिए भारत आ रहीं ऑस्ट्रेलिया विदेश मंत्री पेनी वोंग? कौन-कौन से देश शामिल?
ऑस्ट्रेलिया विदेश मंत्री पेनी वोंग।

नई दिल्ली। भारत एक बार फिर बड़ी अंतरराष्ट्रीय बैठक की मेजबानी करने जा रहा है। ऑस्ट्रेलिया की विदेश मंत्री पेनी वोंग ने ऐलान किया है कि वह भारत दौरे पर आएंगी और नई दिल्ली में होने वाली क्वाड विदेश मंत्रियों की बैठक में हिस्सा लेंगी। इस दौरान वह भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर के साथ ऑस्ट्रेलिया-भारत विदेश मंत्रियों के फ्रेमवर्क संवाद में भी शामिल होंगी।

क्वाड देशों की यह बैठक काफी अहम मानी जा रही है। क्योंकि यह बैठक ऐसे समय हो रही है जब इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में चीन की बढ़ती गतिविधियों, समुद्री सुरक्षा और वैश्विक तनावों को लेकर कई देशों की चिंता लगातार बढ़ रही है। 

26 मई को होगी ये अहम बैठक

भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर के निमंत्रण पर ऑस्ट्रेलिया की विदेश मंत्री पेनी वोंग, जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोटेगी सहित अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को एंटोनियो रुबियो (जो पहले से भारत दौरे पर है) भी 26 मई 2026 को नई दिल्ली पहुंचेंगे। चारों देशों के विदेश मंत्री क्वाड विदेश मंत्रियों की बैठक में हिस्सा लेंगे। इस दौरान इंडो-पैसिफिक क्षेत्र से जुड़े कई अहम मुद्दों पर चर्चा होगी।

ये भी पढ़ें: मैं PM मोदी का बहुत बड़ा फैन हूं…! कार्यक्रम के बीच आया ट्रंप का फोन, मोदी को बताया अपना करीबी दोस्त

क्या है QUAD?

क्वाड यानी Quadrilateral Security Dialogue चार देशों का एक समूह है, जिसमें भारत, ऑस्ट्रेलिया, जापान और अमेरिका शामिल हैं। इन चार देशों के बीच रक्षा, समुद्री सुरक्षा, तकनीक, आपदा राहत और आर्थिक सहयोग यानि जैसे कई मुद्दों पर लगातार काम किया जा रहा है। पिछले कुछ वर्षों में क्वाड की ताकत और भूमिका दोनों तेजी से बढ़ी हैं। क्वाड की नींव 2004 की हिंद महासागर सुनामी के दौरान पड़ी थी, जब इन चारों देशों ने मिलकर राहत और बचाव कार्य किए थे।

पेनी वोंग ने क्या कहा?

ऑस्ट्रेलिया की विदेश मंत्री पेनी वोंग ने प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि आज दुनिया बेहद अनिश्चित दौर से गुजर रही है और ऐसे समय में क्वाड जैसी साझेदारी बहुत जरूरी हो जाती है। उन्होंने कहा कि चारों देश मिलकर हिंद-प्रशांत क्षेत्र के लिए शांतिपूर्ण, सुरक्षित और समृद्ध भविष्य तैयार करने का काम कर रहे हैं।

वोंग के मुताबिक ऑस्ट्रेलिया, भारत, जापान और अमेरिका समुद्री सुरक्षा, महत्वपूर्ण खनिजों की सप्लाई, इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट और आपदा राहत जैसे कई अहम क्षेत्रों में साथ मिलकर ठोस परिणाम दे रहे हैं।

Twitter Post

एस. जयशंकर से होगी खास मुलाकात

भारत दौरे के दौरान पेनी वोंग विदेश मंत्री एस जयशंकर के साथ 17वें ऑस्ट्रेलिया-भारत विदेश मंत्रियों के फ्रेमवर्क संवाद में भाग लेंगी। इस बैठक में दोनों देशों के बीच कई अहम मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है। इसमें व्यापार, निवेश, रक्षा सहयोग, समुद्री सुरक्षा, नई टेक्नोलॉजी, शिक्षा और ऊर्जा जैसे विषय शामिल हो सकते हैं।

कई क्षेत्रों में बढ़ेगा सहयोग

ऑस्ट्रेलिया की ओर से जारी बयान में कहा गया कि भारत और ऑस्ट्रेलिया व्यापक रणनीतिक साझेदार के रूप में लगातार अपने संबंधों को मजबूत कर रहे हैं। दोनों देश व्यापार और निवेश बढ़ाने पर काम कर रहे हैं। इसके अलावा रक्षा और समुद्री सुरक्षा को लेकर भी सहयोग गहरा किया जा रहा है। जलवायु परिवर्तन, स्वच्छ ऊर्जा, रणनीतिक तकनीक, शिक्षा और स्किल डेवलपमेंट जैसे क्षेत्रों में भी दोनों देशों के बीच साझेदारी मजबूत हो रही है।यह भी कहा गया कि दोनों देशों के लोगों के बीच सामाजिक और सांस्कृतिक संबंध इस साझेदारी की सबसे बड़ी ताकत हैं।

ये भी पढ़ें: Iran Israel War: ईरान डील के बीच ट्रंप का धमकी भरा पोस्ट, फाइटर जेट की तस्वीर से बढ़ा तनाव

वाशिंगटन में हुई चर्चाओं को बढ़ाया जाएगा आगे

यह बैठक 1 जुलाई 2025 को अमेरिका की राजधानी वाशिंगटन डीसी में हुई पिछली चर्चाओं को आगे बढ़ाने के लिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। बैठक में क्वाड की मौजूदा परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की जाएगी। चारों देश इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में हाल के घटनाक्रमों, सुरक्षा चुनौतियों और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर अपने विचार साझा करेंगे।

क्यों अहम है यह बैठक?

जानकारी के अनुसार यह बैठक दुनिया की बदलती राजनीति का बड़ा संकेत मानी जा रही है। भारत, अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया अब इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में अपने सहयोग को और मजबूत करना चाहते हैं। खासकर समुद्री सुरक्षा, चीन की बढ़ती गतिविधियों और वैश्विक सप्लाई चेन जैसे मुद्दों पर ये देश एकजुट होकर काम कर रहे हैं। भारत के लिए भी यह बैठक काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि इससे उसकी वैश्विक भूमिका और मजबूत होगी। 

Garima Vishwakarma
By Garima Vishwakarma

गरिमा विश्वकर्मा | People’s Institute of Media Studies से B.Sc. Electronic Media की डिग्री | पत्रकार...Read More

नई दिल्ली
--°
बारिश: -- mmह्यूमिडिटी: --%हवा: --
Source:AccuWeather
icon

Latest Posts