हरसूद में धूमधाम से निकली डोल ग्यारस की शोभायात्रा, 106 साल पुरानी परंपरा ने फिर रचा उत्सव

हरसूद। शहर में रविवार को परंपरागत डोल ग्यारस पर्व धूमधाम और धार्मिक उल्लास के साथ मनाया गया। पालकी में सवार होकर भगवान श्रीकृष्ण नगर भ्रमण पर निकले तो पूरा शहर भक्ति के रंग में रंग गया। आलकी की पालकी, जय कन्हैया लाल की और मोर मुकुट बंसीवाले की जय जैसे जयकारों से वातावरण गूंज उठा।
संदीपनि स्कूल चौराहे से शुरू हुई शोभायात्रा
शाम करीब 4 बजे सभी डोल संदीपनि स्कूल चौराहे पर एकत्रित हुए। इसके बाद मुकेश अग्रवाल परिवार, पटेल मोहल्ला, अग्रवाल माहेश्वरी पंचायत ट्रस्ट, देशवाली परिवार, राधाकृष्ण मंदिर, खंडेल परिवार और ग्राम बड़खलिया के डोलों के साथ भव्य शोभायात्रा निकाली गई। भगवान श्रीकृष्ण के डोल नगर के भैरव चौक, घोसी मोहल्ला चौक, भगवान परशुराम चौराहा सहित प्रमुख मार्गों से होकर करीब छह घंटे तक नगर भ्रमण करते रहे। इसके बाद सरस्वती कुंड शिवालय पर भगवान श्रीकृष्ण का जलवाय पूजन किया गया। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने महाआरती में शामिल होकर प्रसाद ग्रहण किया। डोलों को आकर्षक सजावट और विद्युत रोशनी से सजाया गया था।
106 साल पुरानी परंपरा, मेले में उमड़ी भीड़
डोल ग्यारस की शोभायात्रा और मेले के आयोजन का इतिहास करीब 106 वर्ष पुराना बताया जाता है। यह परंपरा अंग्रेजी हुकूमत के दौर के पुराने हरसूद से चली आ रही है, जिसे पुनर्वास स्थल नया हरसूद में भी नागरिकों ने जारी रखा है।
मीना बाजार और भजन प्रतियोगिताओं में दिखा उत्साह
फटाका बाजार में लगे मीना बाजार में बच्चों, महिलाओं और पुरुषों ने झूलों और नाव झूले का आनंद लिया। माताजी प्रांगण में डोल ग्यारस महोत्सव समिति ने भजन लंगड़ी और सेक्टर-1 में मां शीतला माता मंदिर समिति ने डंडा भजन प्रतियोगिता आयोजित की। देर रात तक बड़ी संख्या में लोग प्रतियोगिताओं का आनंद लेते रहे।
जगह-जगह लगे भंडारे
मेले में श्रद्धालुओं के लिए जगह-जगह भंडारों का आयोजन किया गया। दादाजी धुनी वाले सेवा समिति, टिल्लू अग्रवाल परिवार, साहू परिवार, बालाजी सेवा समिति, बंसल परिवार और 86 मित्र मंडल सहित अन्य संस्थाओं ने भोजन और प्रसाद वितरित किया।
सुरक्षा और व्यवस्था को लेकर प्रशासन अलर्ट
मेले के दौरान पुलिस बल की तैनाती की गई। भारी वाहनों को शाम 4 बजे के बाद थाना चौराहे से भंडारी तिराहे की ओर डायवर्ट किया गया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में आपात चिकित्सा दल तैनात रहा। प्रशासन ने साफ-सफाई और प्रकाश व्यवस्था भी सुनिश्चित की। इस दौरान एसडीएम आरसी खातेंडिया, एसडीओपी लोकेंद्र सिंह ठाकुर, तहसीलदार संगीता मेहता, टीआई जगदीश सिंधिया सहित अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।




















