TMC को ED का बड़ा झटका:5 ठिकानों पर छापेमारी, 440 करोड़ रुपये के 3 बैंक अकाउंट फ्रीज

ईडी का दावा है कि टीएमसी से जुड़े खातों से करोड़ों रुपये एक निजी एविएशन कंपनी और उसकी सहयोगी इकाइयों को भेजे गए। जांच में इन पैसों के इस्तेमाल से विमान और हेलीकॉप्टर खरीदे जाने की बात सामने आई है। एजेंसी अब पूरे वित्तीय लेन-देन और लाभार्थियों की भूमिका की जांच कर रही है। इस बीच मामले को लेकर राजनीतिक हलकों में भी हलचल तेज हो गई है।
ईडी ने तीन बैंक खाते किए फ्रीज
प्रवर्तन निदेशालय ने टीएमसी से जुड़े तीन बैंक खातों को फ्रीज कर दिया है। इन खातों में करीब 440 करोड़ रुपये जमा होने की जानकारी सामने आई है। एजेंसी का कहना है कि शुरूआती जांच में इन खातों से हुए कुछ वित्तीय लेन-देन संदिग्ध पाए गए हैं। इसी आधार पर मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम के तहत आगे की कार्रवाई शुरू की गई है। फिलहाल इन खातों से किसी भी तरह के लेन-देन पर रोक लगी हुई है।
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कोलकाता में कई ठिकानों पर हुई छापेमारी
मामले की जांच के दौरान ईडी ने कोलकाता के कई जगहों पर छापेमारी की। अधिकारियों के अनुसार करीब पांच ठिकानों पर तलाशी ली गई, जिनमें केयरवेल ग्रुप ऑफ कंपनीज से जुड़े परिसर भी शामिल थे। यह समूह केयरवेल एविएशन के नाम से चार्टर्ड विमान उपलब्ध कराने का काम करता है। एजेंसी इन कंपनियों और बैंक खातों के बीच हुए वित्तीय लेन-देन की विस्तार से जांच कर रही है।
विमान और हेलीकॉप्टर खरीद से जुड़े लेन-देन की जांच
जांच एजेंसी के मुताबिक अप्रैल 2023 से जून 2026 के बीच टीएमसी से जुड़े खातों से करीब 160 करोड़ रुपये केयरवेल एविएशन इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और उसकी सहयोगी इकाइयों के खातों में भेजे गए। इसके बाद कंपनी ने बड़ी रकम दूसरी कंपनी के खाते में ट्रांसफर की। जांच में यह भी सामने आया कि इसी राशि का इस्तेमाल एम्ब्रेयर लिगेसी 600 कॉरपोरेट विमान और अगस्ता वेस्टलैंड 109एसपी हेलीकॉप्टर खरीदने में किया गया।
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विदेशी फंडिंग और लाभार्थियों की भूमिका पर नजर
ईडी का कहना है कि हेलीकॉप्टर खरीद के लिए विदेश से प्राप्त धन का भी उपयोग किया गया। जांच एजेंसी का दावा है कि बाद में विमान और हेलीकॉप्टर को टीएमसी को किराए पर उपलब्ध कराया गया। एजेंसी को संदेह है कि इस पूरे लेन-देन के जरिए वास्तविक लाभार्थियों की पहचान छिपाने की कोशिश की गई। इसी एंगल को ध्यान में रखते हुए दस्तावेजों और बैंक रिकॉर्ड की गहन जांच की जा रही है।
राजनीतिक विवाद के बीच हाई कोर्ट पहुंचा मामला
टीएमसी के भीतर उठे विवाद के बाद कुछ बागी विधायकों ने पार्टी फंड में जमा रकम के स्रोत की जांच कराने की मांग की थी। इसके बाद तीन बैंक खातों से वित्तीय लेन-देन और निकासी पर रोक लगाने की कार्रवाई हुई। इस फैसले के खिलाफ ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले गुट ने कलकत्ता हाई कोर्ट का रुख किया है। अब इस मामले में कानूनी प्रक्रिया के साथ-साथ ईडी की जांच भी आगे बढ़ रही है।












