‘गनतंत्र खत्म हुआ...’ :बस्तर पहुंचते ही अमित शाह का बड़ा बयान, बोले- आदिवासियों के विकास का दौर शुरू

नक्सलवाद खत्म होने के बाद पहली बार अमित शाह बस्तर पहुंचे। नेतानार में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि आज का दिन ऐतिहासिक है, क्योंकि लंबे समय बाद यह इलाका फिर से आदिवासियों की जिंदगी और विकास से भरा दिखाई दे रहा है। उन्होंने अमर शहीद गुंडाधुर को याद करते हुए कहा कि इसी धरती से अंग्रेजों के खिलाफ लड़ाई लड़ी गई थी।
पहले खौफ था, अब विकास की शुरुआत
अमित शाह ने कहा कि एक समय ऐसा था जब नक्सली यहां पुलिसकर्मियों की हत्या कर देते थे, स्कूलों को नुकसान पहुंचाते थे और गरीबों का राशन तक लूट लेते थे। मासूम बच्चों को भी जबरन अपने साथ ले जाया जाता था। उन्होंने कहा कि सरकार की सख्त कार्रवाई के बाद अब बस्तर से नक्सलियों का गनतंत्र खत्म हो चुका है।
उन्होंने बताया कि अब इस इलाके को तीर्थस्थल की तरह विकसित किया जाएगा और आदिवासी बच्चों को शहरों जैसी आधुनिक सुविधाएं दी जाएंगी। गरीब परिवारों तक साफ पानी, राशन कार्ड, आधार कार्ड और 5 लाख रुपये तक मुफ्त इलाज की सुविधा पहुंचाई जा रही है।
डायल-112 के 400 हाईटेक वाहनों को दिखाई हरी झंडी
इससे पहले रायपुर के माना स्थित पुलिस ट्रेनिंग सेंटर में अमित शाह ने डायल-112 सेवा के लिए 400 नए हाईटेक वाहनों को रवाना किया। अब पुलिस, मेडिकल इमरजेंसी और आगजनी जैसी सेवाओं के लिए लोगों को एक ही नंबर पर मदद मिलेगी।
‘एक्के नंबर, सब्बो बर’ थीम पर शुरू हुई सेवा
नई डायल-112 सेवा को ‘एक्के नंबर, सब्बो बर’ थीम के साथ शुरू किया गया है। इसमें पुलिस, फायर और मेडिकल सेवाओं को एक ही प्लेटफॉर्म से जोड़ा गया है। इन वाहनों में GPS, डैश कैम, PTZ कैमरा, वायरलेस रेडियो और सोलर बैकअप जैसी सुविधाएं दी गई हैं। इससे घटनास्थल की लाइव मॉनिटरिंग और तेजी से रिस्पॉन्स देना आसान होगा।
पूरे छत्तीसगढ़ में बढ़ेगी डायल-112 सेवा
राज्य सरकार अब डायल-112 सेवा को पूरे छत्तीसगढ़ में लागू करने जा रही है। अभी तक यह सेवा सिर्फ 16 जिलों तक सीमित थी। अब सभी थानों को इससे जोड़ा जाएगा ताकि लोगों को इमरजेंसी में जल्द मदद मिल सके।
हर जिले को मिली मोबाइल फॉरेंसिक यूनिट
सरकार ने प्रदेश के सभी 33 जिलों के लिए आधुनिक मोबाइल फॉरेंसिक यूनिट्स भी रवाना की हैं। इन वाहनों में लगे उपकरणों की मदद से घटनास्थल पर ही शुरुआती जांच की जा सकेगी।
कल होगी मध्य क्षेत्रीय परिषद की अहम बैठक
19 मई को जगदलपुर में मध्य क्षेत्रीय परिषद की 26वीं बैठक आयोजित होगी। इसकी अध्यक्षता अमित शाह करेंगे। बैठक में छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री और वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था, नक्सल प्रभावित इलाकों का विकास, अंतरराज्यीय समन्वय और प्रशासनिक सहयोग जैसे मुद्दों पर चर्चा होगी।
बस्तर के कैंप अब बनेंगे सुविधा केंद्र
छत्तीसगढ़ के गृह मंत्री विजय शर्मा ने कहा कि बस्तर अब पूरी तरह नक्सलवाद से मुक्त हो चुका है। नेतानार का सुरक्षा कैंप अब सुविधा केंद्र में बदला जा रहा है और भविष्य में बाकी कैंपों को भी इसी तरह विकसित किया जाएगा।
कांग्रेस ने उठाए सवाल
दीपक बैज ने अमित शाह के दौरे पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जब वर्चुअल बैठक की सुविधा मौजूद है तो इतने बड़े कार्यक्रम पर लाखों रुपये खर्च करने की क्या जरूरत थी। उन्होंने कहा कि अलग-अलग विमानों से आने-जाने में ईंधन और सरकारी पैसे की बर्बादी हो रही है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद दिल्ली लौटेंगे अमित शाह
बैठक के बाद अमित शाह प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे। इसमें सुरक्षा और विकास से जुड़े अहम फैसलों की जानकारी दी जा सकती है। इसके बाद वे विशेष विमान से दिल्ली रवाना होंगे। अमित शाह का यह दौरा बस्तर और पूरे छत्तीसगढ़ के लिए काफी अहम माना जा रहा है। सुरक्षा और विकास दोनों मुद्दों पर सरकार का फोकस साफ नजर आ रहा है।










