Download App
Download on the App StoreGet it on Google Play
Breaking News

चांपा दशहरा में जयाप्रदा का जलवा, ‘गोरी हैं कलाइयां’ पर झूम उठा मैदान; अनुज शर्मा की मौजूदगी ने बढ़ाया उत्साह

बॉलीवुड की चमक और छत्तीसगढ़ी संस्कृति का संगम, शस्त्र पूजा के बाद हुआ रावण दहन,छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले के चांपा में दशहरा उत्सव धूमधाम से मनाया गया। बॉलीवुड अभिनेत्री जयाप्रदा और छत्तीसगढ़ी अभिनेता एवं विधायक अनुज शर्मा की मौजूदगी ने कार्यक्रम को खास बना दिया। जयाप्रदा ने लोकप्रिय गीत ‘गोरी हैं कलाइयां’ की प्रस्तुति दी, जिस पर दर्शक झूम उठे। कार्यक्रम में शस्त्र पूजा के बाद रावण दहन किया
चांपा दशहरा में जयाप्रदा का जलवा, ‘गोरी हैं कलाइयां’ पर झूम उठा मैदान; अनुज शर्मा की मौजूदगी ने बढ़ाया उत्साह

रायपुर: छत्तीसगढ़ के चांपा में दशहरा उत्सव इस बार बॉलीवुड के रंग और सांस्कृतिक उल्लास के नाम रहा। मशहूर अभिनेत्री जयाप्रदा और छत्तीसगढ़ी सिनेमा के लोकप्रिय अभिनेता एवं विधायक अनुज शर्मा की मौजूदगी ने आयोजन को खास बना दिया। जयाप्रदा ने लोकप्रिय गीत ‘गोरी हैं कलाइयां’ की प्रस्तुति देकर दर्शकों का दिल जीत लिया। गीत की धुन पर पूरा मैदान तालियों और उत्साह से गूंज उठा। वहीं, शस्त्र पूजा के बाद रावण दहन के साथ बुराई पर अच्छाई की जीत का संदेश दिया गया।

ये भी पढ़ें: अच्छाई रूपी राम के तीर ने बुराई के प्रतीक रावण, कुंभकर्ण व मेघनाद का किया वध

जयाप्रदा की प्रस्तुति ने बांधा समां, ‘गोरी हैं कलाइयां’ पर झूमे दर्शक

चांपा के दशहरा उत्सव में सबसे खास पल तब आया, जब बॉलीवुड अभिनेत्री जयाप्रदा ने अपने लोकप्रिय गीत ‘गोरी हैं कलाइयां’ की प्रस्तुति दी। गीत की धुन शुरू होते ही दर्शकों का उत्साह बढ़ गया। मैदान तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा और कार्यक्रम का माहौल और भी रंगीन हो गया। अपने पसंदीदा कलाकार को करीब से देखने और उनकी प्रस्तुति का आनंद लेने के लिए लोगों में खास उत्साह नजर आया। जयाप्रदा की मौजूदगी ने इस साल के दशहरा आयोजन को यादगार बनाने में अहम भूमिका निभाई।

अनुज शर्मा की मौजूदगी से बढ़ी आयोजन की रौनक

दशहरा उत्सव में छत्तीसगढ़ी सिनेमा के लोकप्रिय अभिनेता और विधायक अनुज शर्मा की मौजूदगी भी आकर्षण का केंद्र रही। बॉलीवुड अभिनेत्री जयाप्रदा और स्थानीय सिनेमा की लोकप्रिय हस्ती के एक साथ आयोजन में शामिल होने से कार्यक्रम की रौनक बढ़ गई। उत्सव में मनोरंजन के साथ स्थानीय सांस्कृतिक माहौल और लोगों की भागीदारी भी देखने को मिली। चांपा का दशहरा आयोजन परंपरा, जनउत्साह और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के मेल के रूप में सामने आया।

शस्त्र पूजा के बाद रावण दहन, गूंजा अच्छाई की जीत का संदेश

दशहरा केवल उत्सव और मनोरंजन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि धार्मिक परंपराओं का भी विधि-विधान से निर्वहन किया गया। शस्त्र पूजा के माध्यम से शक्ति, साहस और धर्म की रक्षा का संदेश दिया गया। इसके बाद बुराई के प्रतीक रावण के पुतले का दहन किया गया। रावण दहन के दौरान उत्सव का माहौल और अधिक उत्साहपूर्ण हो गया। विजयादशमी का यह आयोजन लोगों को सत्य, धर्म और सदाचार के मार्ग पर चलने तथा बुराई के विरुद्ध खड़े होने की प्रेरणा देता है।

ये भी पढ़ें: बेटमा का ऐतिहासिक दशहरा-300 वर्षों से घुड़दौड़, मटकी फोड़, निशानेबाजी की परंपरा, ASP ने तैयारियों का लिया जायजा

बॉलीवुड, संस्कृति और आस्था का संगम बना चांपा का दशहरा

चांपा का दशहरा उत्सव इस बार मनोरंजन, धार्मिक आस्था और सांस्कृतिक परंपराओं के संगम के रूप में नजर आया। जयाप्रदा की गीत प्रस्तुति, अनुज शर्मा की मौजूदगी, शस्त्र पूजा और रावण दहन ने आयोजन को खास बना दिया।

PREM

मै प्रेम निर्मलकर मैने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत दैनिक भास्कर से की, विगत 18 वर्षों से मुझे पत...

Latest Posts