भोपाल:आयकर अधिकारियों को साल में 240 घंटे की विशेष ट्रेनिंग, सीबीडीटी ने तैयार किया प्लान

राजीव सोनी, भोपाल। सीबीडीटी ने नए आयकर कानून और टैक्स जांच प्रक्रिया को लेकर भी विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू करने के निर्देश दिए हैं। विभाग का लक्ष्य अधिकारियों की परफार्मेंस सुधारने के साथ टैक्स चोरी और कालाधन पर प्रभावी कार्रवाई को मजबूत करना है। इस पूरी प्रक्रिया की मॉनिटरिंग भी सीबीडीटी स्तर पर लगातार की जाएगी।
240 घंटे की विशेष ट्रेनिंग का प्रावधान
सीबीडीटी के एक्शन प्लान में आयकर अधिकारियों को साल भर में 240 घंटे की ट्रेनिंग देने का प्रावधान किया गया है। इस ट्रेनिंग के जरिए अधिकारियों की तकनीकी दक्षता को बढ़ाया जाएगा। प्रशिक्षण कार्यक्रम में टैक्स से जुड़े नए नियमों और प्रक्रियाओं पर विशेष फोकस रहेगा। अधिकारियों को आधुनिक जांच तकनीकों और कार्यप्रणाली की भी जानकारी दी जाएगी।
छापामारी और इंटरनेशनल टैक्सेशन पर फोकस
कैपेसिटी बिल्डिंग प्लान के तहत खासतौर पर छापामारी, इंटरनेशनल टैक्सेशन, छूट और टीडीएस की बारीकियां सिखाई जाएंगी। अधिकारियों को टैक्स चोरी और कालाधन पकड़ने के लिए खुफिया जानकारी जुटाने के टिप्स भी दिए जाएंगे। विशेषज्ञ अधिकारियों को जांच के दौरान जरूरी तकनीकी पहलुओं की जानकारी देंगे। इससे विभाग की कार्रवाई और प्रभावी होने की उम्मीद जताई जा रही है।
विशेषज्ञ लगाएंगे क्लास
इन विषयों के विशेषज्ञ विभिन्न शहरों में मौजूद आयकर कार्यालयों में जाकर भी स्टाफ और अधिकारियों की क्लास लगाएंगे। प्रशिक्षण कार्यक्रम को ज्यादा व्यावहारिक और प्रभावी बनाने पर जोर दिया जा रहा है। अधिकारियों को केस स्टडी और फील्ड अनुभव के जरिए भी जानकारी दी जाएगी। इससे अधिकारियों की जांच क्षमता को मजबूत करने का प्रयास किया जाएगा।
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नए आयकर कानून पर भी प्रशिक्षण
देश भर के सभी प्रिंसिपल चीफ कमिश्नर कार्यालयों को नए आयकर कानून को लेकर अलग से ट्रेनिंग और अवेयरनेस कार्यक्रम चलाने को कहा गया है। अधिकारियों और कर्मचारियों को नए नियमों और बदलावों की जानकारी दी जाएगी। विभाग चाहता है कि नई व्यवस्था को लेकर सभी अधिकारी पूरी तरह अपडेट रहें। इससे करदाताओं को भी बेहतर सुविधा मिलने की उम्मीद है।
आयकर विभाग के मास्टर ट्रेनर्स टैक्स कानून पढ़ाएंगे
सीबीडीटी ने आयकर विभाग को साल भर में दो अन्य ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट से करार करने को भी कहा है। इसके तहत पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के ट्रेनिंग सेंटर से विशेषज्ञों का आदान-प्रदान होगा। आयकर विभाग के मास्टर ट्रेनर्स भी उन्हें जाकर टैक्स कानून पढ़ाएंगे। इससे विभिन्न विभागों के बीच समन्वय और जानकारी साझा करने की प्रक्रिया मजबूत होगी।
एनएडीटी रीजनल कैंपस में होगी ट्रेनिंग
आयकर विभाग के मुख्य ट्रेनिंग सेंटर एनएडीटी नागपुर के अलावा भोपाल सहित देश के विभिन्न राज्यों में कुल 10 एनएडीटी रीजनल कैंपस में अधिकारियों की ट्रेनिंग होती है। इन केंद्रों में अधिकारियों को अलग-अलग विषयों पर विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। विभाग प्रशिक्षण व्यवस्था को और आधुनिक बनाने की दिशा में काम कर रहा है। इसका उद्देश्य आयकर विभाग की कार्यक्षमता और प्रदर्शन में सुधार लाना है।












