Download App
Download on the App StoreGet it on Google Play
Breaking News

RJD की हार से टूटी रोहिणी :कहा- परिवार से रिश्ते खत्म कर रही हूं, लालू को दी थी किडनी

कहा- परिवार से रिश्ते खत्म कर रही हूं, लालू को दी थी किडनी
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    बिहार में राजद की हार के बाद परिवार बिखर गया है। रोहिणी आचार्य ने एक बड़ा कदम उठाया है। उन्होंने राजनीति छोड़ने और परिवार से रिश्ता तोड़ने की घोषणा की। रोहिणी ने संजय यादव पर गंभीर आरोप लगाएं, जिससे पार्टी में खलबली मच गई है। इसकी जानकारी रोहिणी ने एक्स पर दी, उनके इस कदम से सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है, जहां लोग उनकी बातों पर अपनी राय रख रहे हैं। 

    एक्स पर लिखा- राजनीति छोड़ रही हूं

    लालू यादव की बेटी रोहिणी आचार्य ने एक्स पोस्ट जारी कर लिखा...' मैं राजनीति छोड़ रहूी हूं और परिवार से रिश्ते भी तोड़ रही हूं। यह सब मैं संजय यादव और रमीज के कहने पर कर रही हूं। इसका सारा इल्जाम..मैं खुद पर लेती हूं'. 

    रोहिणी ने यह ट्वीट बिहार चुनाव के एक दिन बाद यानी आज शेयर किया है। दरअसल कल जारी हुए बिहार विधानसभा नतीजों में RJD को 25 सीटें मिली थीं। जबकि 2020 में पार्टी ने 75 सीटें जीती थीं। दूसरी ओर तेजप्रताप करीब 50 हजार वोटों से इस चुनाव में हारे हैं। लंबी खींचतान के बाद तेजस्वी अपनी सीट बचा पाए हैं। 

    Twitter Post

     

    तेज प्रताप के बाद रोहिणी ने छोड़ा परिवार का साथ 

    बिहार के कद्दावर नेता और पूर्व मुख्यमंत्री लालू यादव के परिवार और राष्ट्रीय जनता दल में यह टूट कोई नई बात नहीं है। हालांकि, पिछले कुछ समय से जिस तरह से राजनीतिक घटनाएं बदली हैं, उससे यह तो साफ है कि राजद के अंदर काफी कुछ ठीक नहीं है। इन घटनाओं ने पार्टी की अंदरूनी कमजोरी उजागर कर दी है। वहीं लालू यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव पहले ही पार्टी और परिवार से बाहर जा चुके हैं। पिता लालू यादव ने खुद उनको बेदखल किया। जिसके बाद बिहार चुनाव से पहले उन्होंने अपनी अलग पार्टी बनाई जनशक्ति जनता दल बनाई थी। उन्होंने राजद के खिलाफ चुनाव खुले तौर पर चुनाव भी लड़ा। हालांकि, वह अपनी सीट पर ही हार गए।

    कौन है संजय यादव, जिससे परिवार में आई दरारें

    पहले तेजप्रताप और अब रोहिणी इन सब के परिवार और राजनीति से अलग होने या अपनी पार्टी बनाने के लिए RJD के राज्यसभा सांसद संजय यादव को जिम्मेदार ठहराया। वहीं लालू यादव ने तेजस्वी यादव को फ्री हैंड दे दिया है। जब से तेजस्वी को पूरी पावर मिली है, उनके करीबी संजय यादव का प्रभाव भी बढ़ गया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, तेजस्वी क्या करेंगे, किससे बात करेंगे, उनकी सभी रणनीति संजय यादव तय करते हैं।

    रोहिणी ने इशारों-इशारों में संजय को एक बार फिर निशाने पर घेरा है। हालांकि, इससे पहले तेज प्रताप यादव खुलेआम आलोचना कर चुके हैं। आजकल तेज प्रताप ‘जयचंद’ कह कर निशाना साधते हैं। कहा जाता है कि उनका इशारा संजय की तरफ ही है। 

    Aakash Waghmare
    By Aakash Waghmare

    आकाश वाघमारे | MCU, भोपाल से स्नातक और फिर मास्टर्स | मल्टीमीडिया प्रोड्यूसर के तौर पर 3 वर्षों का क...

    Latest Posts