नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) में संगठनात्मक बदलाव की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। पार्टी ने राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की प्रक्रिया की आधिकारिक घोषणा कर दी है। इसे ‘संगठन पर्व 2024’ नाम दिया गया है। केंद्रीय चुनाव अधिकारियों के मुताबिक, 19 जनवरी से नामांकन की प्रक्रिया शुरू होगी, जबकि 20 जनवरी को नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के नाम का औपचारिक ऐलान किया जा सकता है। मौजूदा कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन इस पद के सबसे मजबूत दावेदार माने जा रहे हैं।
बीजेपी के रिटर्निंग ऑफिसर डॉ. के लक्ष्मण ने चुनाव कार्यक्रम जारी करते हुए बताया कि पार्टी मुख्यालय में निर्वाचक मंडल की सूची प्रकाशित कर दी गई है।
19 जनवरी: दोपहर 2 से शाम 4 बजे तक नामांकन
19 जनवरी: शाम 4 से 5 बजे तक नामांकन पत्रों की जांच
19 जनवरी: शाम 5 से 6 बजे तक नाम वापसी
19 जनवरी: शाम 6:30 बजे राष्ट्रीय चुनाव अधिकारी का बयान
20 जनवरी: आवश्यकता पड़ने पर मतदान और अध्यक्ष के नाम का औपचारिक ऐलान
यदि केवल एक ही नामांकन वैध रहता है, तो अध्यक्ष निर्विरोध चुना जाएगा।
मौजूदा समय में पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नबीन को अध्यक्ष पद का मुख्य दावेदार माना जा रहा है। जानकारी के अनुसार, उनके निर्विरोध चुने जाने की पूरी संभावना है। अगर 46 वर्षीय नितिन नबीन इस पद पर आसीन होते हैं, तो वे बीजेपी के इतिहास के सबसे युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष बनेंगे।
बीजेपी ने राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनाव को लेकर सभी बीजेपी शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों, प्रदेश अध्यक्षों और राष्ट्रीय परिषद के सदस्यों को दिल्ली बुलाया है। इससे यह साफ है कि, पार्टी इस प्रक्रिया को पूरी तरह संगठित और औपचारिक तरीके से पूरा करना चाहती है।
यह चुनाव निवर्तमान अध्यक्ष जेपी नड्डा के लंबे कार्यकाल के बाद हो रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, नया नेतृत्व संगठन में नई ऊर्जा और आगामी चुनावों के लिए नई रणनीति लेकर आ सकता है। खासकर 2026-27 के विधानसभा चुनावों और भविष्य की राष्ट्रीय राजनीति के लिहाज से यह बदलाव अहम माना जा रहा है।
बीजेपी ने इस पूरी प्रक्रिया को ‘संगठन पर्व 2024’ नाम दिया है, जो यह दर्शाता है कि पार्टी संगठनात्मक मजबूती को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। इस प्रक्रिया के जरिए पार्टी न केवल नेतृत्व परिवर्तन कर रही है, बल्कि आने वाले राजनीतिक चुनौतियों के लिए खुद को तैयार भी कर रही है।