पटना। बिहार की राजधानी पटना में उस समय अफरा-तफरी मच गई जब बिहार विधानसभा और पटना सिविल कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी मिली। जैसे ही यह सूचना प्रशासन को मिली, तुरंत सुरक्षा एजेंसियां सक्रिय हो गईं और दोनों जगहों पर हाई अलर्ट जारी कर दिया गया।
पुलिस, बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वॉड की टीमें मौके पर पहुंचकर पूरे इलाके की जांच में जुट गईं। सुरक्षा के लिहाज से विधानसभा और कोर्ट परिसर को पूरी तरह से घेर लिया गया और हर आने-जाने वाले व्यक्ति की सख्त जांच शुरू कर दी गई।
धमकी मिलने के बाद बिहार विधानसभा परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को तुरंत कड़ा कर दिया गया। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर बम निरोधक दस्ता (Bomb Squad) और डॉग स्क्वॉड ने पूरे भवन की गहन तलाशी शुरू की। हर कमरे, गलियारे और आसपास के इलाके की बारीकी से जांच की जा रही है ताकि किसी भी संभावित खतरे को समय रहते रोका जा सके। सुरक्षा बल लगातार पूरे परिसर पर नजर बनाए हुए हैं।
इसी बीच पटना सिविल कोर्ट को भी बम से उड़ाने की धमकी मिलने की जानकारी सामने आई, जिससे सुरक्षा एजेंसियों की चिंता और बढ़ गई। कोर्ट परिसर में भी भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। आने-जाने वाले लोगों की सख्त जांच की जा रही है और पूरे इलाके को सुरक्षा घेरे में ले लिया गया है। कोर्ट के हर कोने पर नजर रखी जा रही है।
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पुलिस अधिकारियों के अनुसार यह धमकी अज्ञात ईमेल के जरिए भेजी गई थी। मामले की जांच साइबर सेल को सौंप दी गई है, जो यह पता लगाने में जुटी है कि धमकी किसने और कहां से भेजी। एसएसपी पटना ने बताया कि सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और अभी तक किसी भी तरह की संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक की पुष्टि नहीं हुई है।
यह पहली बार नहीं है जब बिहार विधानसभा को इस तरह की धमकी मिली हो। इससे पहले भी मार्च 2026 में विधानसभा को बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी। इसी तरह पटना सिविल कोर्ट और अन्य जिलों के कोर्ट को भी पहले निशाना बनाने की धमकियां मिल चुकी हैं। बार-बार मिल रही ऐसी धमकियों ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है।
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दोनों प्रमुख स्थानों पर सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं और किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरती जा रही है। हर संदिग्ध गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या वस्तु की तुरंत सूचना पुलिस को दें।