Aakash Waghmare
19 Jan 2026
Naresh Bhagoria
19 Jan 2026
बेंगलुरु। कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु के हुलिमावु इलाके से 13 वर्षीय छात्र निश्चिथ ए. के अपहरण और हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। निश्चिथ क्राइस्ट स्कूल में आठवीं कक्षा का छात्र था और अरकेरे क्षेत्र के वैश्य बैंक कॉलोनी शांतिनिकेतन ब्लॉक में अपने माता-पिता के साथ रहता था। वह 30 जुलाई को शाम 5 बजे ट्यूशन गया था लेकिन वापस नहीं लौटा।
परिजनों ने पहले ट्यूशन टीचर से जानकारी ली, जिन्होंने बताया कि निश्चिथ समय पर क्लास से निकल गया था। जब देर रात तक निश्चिथ नहीं लौटा, तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की और फैमिली पार्क के पास उसकी साइकिल मिली। उसी रात 1 बजे एक अनजान कॉलर ने 5 लाख रुपए की फिरौती की मांग की।
माता-पिता ने बिना देर किए पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई। पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज कर तकनीकी जांच शुरू की। अगली सुबह फिर से फिरौती कॉल आया, जिसमें पैसे का इंतजाम पूछकर आरोपी लोकेशन बदलते रहे। लेकिन कुछ ही देर बाद फोन स्विच ऑफ हो गया।
गुरुवार शाम एक राहगीर ने बन्नेरघट्टा के कग्गलीपुरा रोड के पास एक जले हुए शव की जानकारी पुलिस को दी। शव की पहचान निश्चिथ के रूप में हुई। उसकी हालत बेहद खराब थी, कपड़े और जूते तक जले हुए थे।
पुलिस को सूचना मिली कि दो संदिग्ध कग्गलीपुरा के पास छिपे हैं। जब पुलिस ने उन्हें पकड़ने की कोशिश की, तो उन्होंने खंजर से हमला कर दिया। जवाबी कार्रवाई में दोनों के पैरों में गोली मारकर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी गुरुमूर्ति वही व्यक्ति निकला जो निश्चिथ के घर में ड्राइवर के तौर पर काम करता था। दूसरा आरोपी गोपीकृष्णा भी उसके साथ शामिल था।
गुरुमूर्ति को परिवार की दिनचर्या की पूरी जानकारी थी। उसने ट्यूशन से लौटते समय बच्चे को रोका और अपने साथ बाइक पर ले गया। फिरौती की रकम न मिलने और पुलिस में शिकायत होते ही उन्होंने निश्चिथ की पीट-पीटकर हत्या कर दी और शव को जलाकर फेंक दिया।
बेंगलुरु ग्रामीण SP सी.के. बाबा ने कहा कि दोनों आरोपियों से पूछताछ चल रही है और हत्या के पीछे की असली वजह की जांच की जा रही है। साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि इस वारदात में और कौन लोग शामिल थे। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत की असल वजह सामने आएगी।
इस घटना ने पूरे शहर को झकझोर दिया है। सोशल मीडिया पर लोग आक्रोश जता रहे हैं और बच्चों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर रहे हैं। एक भरोसेमंद ड्राइवर का इस तरह का चेहरा देख परिजन सदमे में हैं।