Naresh Bhagoria
6 Feb 2026
Shivani Gupta
6 Feb 2026

युगल पीठ ने सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों को सुनने के बाद कहा कि " आप पाएंगे कि जो लोग एयरलाइंस चला रहे हैं, वे भारी घाटे में हैं।" पीठ ने कहा, "यह एक अच्छी तरह से नियंत्रित क्षेत्र है और हर उद्योग जो अच्छा प्रदर्शन कर रहा है, उसके साथ छेड़छाड़ की फिलहाल कोई जरूरत नहीं है।" कोर्ट ने कहा कि छिटपुट घटनाओं के लिए अदालत को इस मुद्दे पर जनहित याचिकाओं (PIL) पर विचार करने और विमानन क्षेत्र को किसी नए नियम से बांधने की फिलहाल कोई जरूरत नहीं है। यह दोनों याचिकाएं अमित साहनी और उपभोक्ता अधिकार कार्यकर्ता बेजोन मिश्रा ने दाखिल की थीं। इसमें पीक सीजन में विमानन कंपनियों द्वारा मनमाना किराया वसूलने पर रोक लगाने और किराए की लिमिट तय करने की मांग की गई थी।
ये भी पढ़ें - नई सुविधा…. फ्लाइट आने के 30 मिनट के अंदर होगी सामान की डिलीवरी , देश की 7 एयरलाइन कंपनियों को निर्देश जारी