जम्मू-कश्मीर के कटरा स्थित प्रसिद्ध माता वैष्णो देवी मंदिर की यात्रा को अस्थायी रूप से रोक दिया गया है। यह फैसला माता वैष्णो देवी मंदिर श्राइन बोर्ड ने श्रद्धालुओं की अत्यधिक भीड़ और लगातार खराब मौसम को देखते हुए लिया है।
पिछले तीन दिनों से क्षेत्र में लगातार बारिश हो रही है, जिससे तापमान में गिरावट आई है और भवन क्षेत्र में ठंड बढ़ गई है। मौसम की इस स्थिति ने यात्रा व्यवस्था को प्रभावित किया है।
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शनिवार शाम करीब 4 बजे श्राइन बोर्ड ने सभी यात्रा पंजीकरण केंद्र अस्थायी रूप से बंद कर दिए। इससे पहले लगभग 41,000 श्रद्धालुओं ने यात्रा के लिए पंजीकरण कराया था। अधिकारियों के अनुसार, भीड़ नियंत्रण और यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाना जरूरी हो गया था।
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चैत्र नवरात्रि की शुरुआत 19 मार्च से हुई है और 27 मार्च तक जारी रहेगी। इस दौरान मंदिर में श्रद्धालुओं की संख्या में लगातार वृद्धि देखी जा रही है।
पहले दिन ही लगभग 31,690 श्रद्धालुओं ने मंदिर में दर्शन किए। अधिकारियों का अनुमान है कि नवरात्रि के दौरान प्रतिदिन 30,000 से अधिक श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंच सकते हैं।
शुक्रवार को ही 15,000 से अधिक लोगों ने यात्रा के लिए पंजीकरण कराया। वहीं, हजारों श्रद्धालु पहले से ही भवन की ओर यात्रा कर रहे थे। शनिवार दोपहर तक 39,000 से ज्यादा श्रद्धालु मंदिर में दर्शन कर चुके थे। पंजीकरण के बाद भी करीब 10,000 से अधिक श्रद्धालु रास्ते में मौजूद थे।
भारी बारिश के बावजूद श्रद्धालुओं का उत्साह कम नहीं हुआ। लोग “जय माता दी” के जयकारे लगाते हुए त्रिकुटा पहाड़ियों पर चढ़ते रहे।
घुमावदार और कठिन रास्तों के बावजूद भक्तों ने माता के दर्शन के लिए अपनी यात्रा जारी रखी। यह दृश्य आस्था और विश्वास की गहराई को दर्शाता है।
भीड़ को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को बेहद मजबूत किया गया है। पुलिस, सीआरपीएफ और अन्य सुरक्षा एजेंसियों को महत्वपूर्ण स्थानों पर तैनात किया गया है।
दर्शनी द्वार से लेकर भवन परिसर तक लगातार निगरानी रखी जा रही है। साथ ही, आपदा प्रबंधन दल और श्राइन बोर्ड के स्वयंसेवक भी यात्रियों की सहायता में जुटे हैं।
अधिकारियों ने बताया कि भवन क्षेत्र में अत्यधिक भीड़ के कारण यात्रा अस्थायी रूप से रोक दी गई है। यह घोषणा पुलिस वाहनों के माध्यम से भी प्रसारित की गई। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे फिलहाल अपने होटलों में लौट जाएं और अगले निर्देश का इंतजार करें।
श्राइन बोर्ड के अनुसार, नए पंजीकरण रविवार सुबह 4 बजे से फिर से शुरू हो गए है। स्थिति सामान्य होने पर यात्रा को दोबारा शुरू किया जाएगा।
नवरात्रि के अवसर पर मंदिर में ‘शत चंडी महा यज्ञ’ भी शुरू किया गया है। वैदिक मंत्रों और अनुष्ठानों के बीच वातावरण पूरी तरह आध्यात्मिक बना हुआ है। मंदिर को ताजे फूलों और रंग-बिरंगी रोशनी से सजाया गया है, जिससे श्रद्धालुओं को एक दिव्य अनुभव मिल रहा है।