तेल अवीव/तेहरान।
ईरान को इस संघर्ष में हुती विद्रोही (यमन) और हिजबुल्लाह (लेबनान) का समर्थन मिला है, जबकि इजराइल को अमेरिका का साथ मिल रहा है। कई मिडिल ईस्ट देशों ने अपने एयरस्पेस बंद कर दिए हैं और नागरिकों को गैर-जरूरी यात्रा से बचने की चेतावनी दी है।
यह हमला ऐसे समय हुआ है जब ईरान और अमेरिका के बीच परमाणु कार्यक्रम को लेकर कूटनीतिक बातचीत जारी थी। इजराइल की सैन्य कार्रवाई ने इन्हें अस्थायी रूप से बाधित कर दिया है, जिससे क्षेत्रीय और वैश्विक स्तर पर नई सुरक्षा और राजनीतिक चुनौतियां खड़ी हो गई हैं।
कतर के गृह मंत्रालय ने जानकारी दी है कि, मिसाइल को इंटरसेप्ट (रोकने) के दौरान उसका मलबा कतर के एक इंडस्ट्रियल जोन में गिर गया, जिससे वहां आग लग गई। सोशल मीडिया पर जारी बयान में मंत्रालय ने बताया कि, दमकल और राहत टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं और आग पर काबू पाने की कोशिश जारी है। अधिकारियों के मुताबिक, इस घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं मिली है। सुरक्षा एजेंसियां इलाके की जांच कर रही हैं और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद पाकिस्तान के कराची में भारी विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। अमेरिका और इजराइल के हमलों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे लोगों का गुस्सा इतना बढ़ गया कि उन्होंने कराची स्थित अमेरिकी कॉन्सुलेट के एंट्रेंस एरिया में घुसने की कोशिश की। इस दौरान वहां तोड़फोड़ और आगजनी की घटनाएं भी सामने आई हैं। हालात को काबू में करने के लिए सुरक्षा बलों को तैनात किया गया है और इलाके में तनाव बना हुआ है।
खामेनेई की मौत के बाद इराक सरकार ने पूरे देश में तीन दिन के सार्वजनिक शोक का ऐलान किया है। इराक की स्टेट न्यूज़ एजेंसी के मुताबिक, सरकार ने देशभर में सरकारी कार्यक्रमों को सीमित रखने और शोक प्रकट करने के निर्देश दिए हैं। इस दौरान कई जगहों पर श्रद्धांजलि सभाएं भी आयोजित की जा रही हैं।
ईरानी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, तेहरान में एक बार फिर कई तेज धमाकों की आवाजें सुनी गईं। बताया जा रहा है कि यह धमाके उस समय हुए जब ईरान ने अमेरिका और इजराइल के ठिकानों पर जवाबी हमले किए। धमाकों के बाद राजधानी में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और कई इलाकों में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है।
अमेरिका और इजराइल के हमले में ईरान को एक और बड़ा झटका लगा है। ईरानी स्टेट मीडिया के मुताबिक, देश के सशस्त्र बलों के चीफ ऑफ स्टाफ अब्दुल रहीम मौसावी भी इस हमले में मारे गए हैं। इससे पहले ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की मौत की पुष्टि हो चुकी है। मौसावी की मौत के बाद ईरानी सेना में भारी आक्रोश देखा जा रहा है और सैन्य कार्रवाई और तेज होने की आशंका जताई जा रही है।

इजराइल के डिफेंस मिनिस्टर इजराइल कैट्ज ने ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई की हत्या के बाद प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और देश की सेना को बधाई दी। कैट्ज ने सोशल मीडिया पर लिखा, जिसने इजराइल को खत्म करने का काम किया, वह खत्म हो गया। इंसाफ हुआ और बुराई की धुरी को झटका लगा। उन्होंने यह भी कहा कि, इजराइल पूरी ताकत से कार्रवाई जारी रखेगा।
ईरान पर अमेरिका और इजराइल के हमलों के बाद संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के दुबई में जोरदार धमाके की आवाजें सुनी गईं। स्थानीय मीडिया और रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, कुछ इलाकों में अचानक विस्फोट की आवाज और हलचल देखी गई। इससे शहरवासियों में डर और असुरक्षा का माहौल बन गया।
साथ ही, कतर की राजधानी दोहा में भी धमाके की जानकारी सामने आई। कतर की सुरक्षा एजेंसियों ने सतर्कता बढ़ा दी और नागरिकों से निर्देशित किया कि वे किसी भी असामान्य गतिविधि से बचें और सरकारी सुरक्षा अपडेट पर ध्यान दें।
खामेनेई की मौत की खबर के बाद कश्मीर घाटी में सैकड़ों लोग सड़कों पर उतरे। उन्होंने अमेरिका और इजराइल विरोधी नारे लगाते हुए नाराजगी जताई। श्रीनगर में शिया समुदाय ने लाल चौक पर प्रदर्शन किया।
एतिहाद एयरवेज ने अबू धाबी की सभी इनबाउंड और आउटबाउंड उड़ानों को 2 मार्च तक निलंबित कर दिया। एयरलाइन ने यात्रियों से सलाह दी कि, वे अपनी फ्लाइट की स्थिति की जांच करें और सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करें।
ईरान के माशहद शहर में इमाम रजा के मजार पर हजारों लोग इकट्ठा हुए और खामेनेई के निधन पर शोक मनाया। तेहरान के एंघेलाब स्क्वायर में भी लोग शोक मनाते दिखाई दिए। देश के कई हिस्सों में मातम का माहौल है।
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेतावनी दी है कि, अगर ईरान कोई कार्रवाई करता है तो उसे ऐसा जवाब मिलेगा जिसकी कल्पना भी नहीं कर सकता।
खामेनेई की मौत के बाद उनके बेटे मोज़तबा खामेनेई को नया सुप्रीम लीडर बनाया गया। मोज़तबा लंबे समय से सरकार की पीछे की शैडो पावर माने जाते थे और IRGC के ज़रूरी अपॉइंटमेंट्स, इंटेलिजेंस ऑपरेशंस और अपने पिता के करीबी लोगों को मैनेज करते थे।
US-इजराइल हमलों में खामेनेई के साथ IRGC चीफ मेजर जनरल मोहम्मद पाकपुर और खामेनेई के सीनियर सलाहकार अली शमखानी भी मारे गए। इस हमले से ईरान की सैन्य और राजनीतिक कमान पर बड़ा असर पड़ा है।
इस घटना के बाद कई देशों ने अपने नागरिकों को गैर-ज़रूरी यात्रा से बचने की चेतावनी दी। यात्रा करने वालों को सलाह दी गई कि वे एयरपोर्ट और फ्लाइट की स्थिति जांचें, असामान्य गतिविधियों से दूर रहें और सुरक्षा अधिकारियों के निर्देशों का पालन करें। इस समय मध्य पूर्व में स्थिति अस्थिर है और यात्रियों तथा नागरिकों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की जरूरत है।
ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत के बाद दिल्ली स्थित ईरानी एंबेसी ने अपना झंडा आधा झुका दिया। यह कदम शोक और संवेदनशीलता को दर्शाने के लिए उठाया गया। एंबेसी ने अपने कर्मचारियों को भी सतर्क रहने और किसी असामान्य स्थिति की तुरंत रिपोर्ट करने की सलाह दी।