भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अंतरराष्ट्रीय टाइगर डे के अवसर पर प्रदेश को टाइगर स्टेट कहे जाने पर गर्व जताया। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश ने बाघों के संरक्षण के लिए ऐतिहासिक कार्य किए हैं, जिसके परिणामस्वरूप आज यह राज्य बाघों की संख्या के लिहाज से देश में अग्रणी है।
वहीं दूसरी ओर, मानसून सत्र के दूसरे दिन विधानसभा परिसर में हुए कांग्रेस के अनोखे प्रदर्शन पर उन्होंने कांग्रेस के रंग बदलने वाले चरित्र पर सवाल उठाए।
सीएम डॉ. मोहन यादव ने कहा, "हमने बाघों को संरक्षित करके टाइगर स्टेट का गौरव अर्जित किया है। यह प्रदेश के वन विभाग और आम जनता के सहयोग का परिणाम है।" उन्होंने वन्य जीव संरक्षण के साथ-साथ प्रदेश के पर्यटन और पर्यावरणीय संतुलन में बाघों की भूमिका को भी रेखांकित किया।
मुख्यमंत्री ने विधानसभा परिसर में कांग्रेस द्वारा किए गए अनोखे प्रदर्शन, जिसमें एक विधायक ‘भैंस’ बने और अन्य बीन बजाते नजर आए, उस पर पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, कांग्रेस का रंग बदलने वाला चरित्र आजादी के बाद से देखा जा रहा है। ये पार्टी कभी भी स्थिर विचारधारा पर नहीं चलती। आज भी वे सिर्फ भ्रम फैलाने का काम कर रहे हैं।"
मुख्यमंत्री ने ओबीसी आरक्षण को लेकर कांग्रेस के आरोपों को सिरे से खारिज किया। उन्होंने कहा, "कांग्रेस ने अपने लंबे शासनकाल में जातिगत जनगणना नहीं करवाई, अब जब प्रधानमंत्री मोदी इसे करवा रहे हैं, तो वे भ्रम फैला रहे हैं।"
उन्होंने बताया कि प्रमोशन में आरक्षण को लेकर 13% होल्ड पदों का मामला तथ्यों के साथ कोर्ट में रखा जा रहा है। उन्होंने कहा, "बिना तथ्यों के कांग्रेस ने 27% आरक्षण दिया था, जो कोर्ट में टिक नहीं पाया। हम 27% आरक्षण को न्यायपूर्ण तरीके से सुनिश्चित करने के लिए पूरी गंभीरता से प्रयासरत हैं।"
मानसून सत्र के दूसरे दिन कांग्रेस विधायकों ने नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के नेतृत्व में सरकार को जगाने के लिए बीन बजाकर प्रदर्शन किया। विधायक कैलाश कुशवाहा ‘भैंस’ का रूप धरकर आए और सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें विधानसभा में प्रवेश से पहले गाउन उतारने का अनुरोध किया।
कांग्रेस का कहना है कि सरकार भैंस की तरह सो रही है। न युवाओं को नौकरी मिल रही है, न ओबीसी को 27% आरक्षण। हम सवाल करते हैं, लेकिन सरकार के पास जवाब नहीं है। इसलिए बीन बजाकर उन्हें जगा रहे हैं।
(रिपोर्ट - वासिफ खान)