प्रकृति संरक्षण का संकल्प : सोहागपुर में शुचिता जागृति महिला समिति का हरित अभियान, 1000 से अधिक पौधे लगाकर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
सोहागपुर। पर्यावरण की रक्षा करना प्रकृति पर कोई उपकार नहीं है, क्योंकि जब तक प्रकृति सुरक्षित है तभी तक हमारा अस्तित्व भी सुरक्षित है। इसी सोच और संकल्प को साकार करते हुए शुचिता जागृति महिला समिति ने प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी व्यापक वृक्षारोपण अभियान चलाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। यह जानकारी देते हुए समिति की संयोजक मनीषा सिखोंके ने बताया कि अभियान की शुरुआत गेलेक्सी स्कूल के प्रांगण में पौधारोपण से की गई। इसके पश्चात समिति की सदस्याओं एवं सहयोगियों ने मढ़ई मार्ग पर विभिन्न स्थानों पर पौधे लगाकर हरियाली बढ़ाने का संकल्प दोहराया। इस दौरान छायादार, फलदार एवं पर्यावरण के अनुकूल विभिन्न प्रजातियों के पौधों का रोपण किया गया। उल्लेखनीय है कि पिछले दिनों उक्त संस्था द्वारा अपनी महिला सदस्यों द्वारा क्षेत्र में हजारों सीड बॉल उपयुक्त स्थान पर फेंके गए थे जिनमें विभिन्न प्रकार के बीजों का समावेश था।
पौधा लगाकर संरक्षण का संकल्प लें
समिति के सदस्यों ने कहा कि तेजी से बढ़ते प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन और घटते वन क्षेत्र को देखते हुए प्रत्येक नागरिक का दायित्व है कि वह अधिक से अधिक पौधे लगाए और उनकी देखभाल भी सुनिश्चित करे। केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उन्हें वृक्ष बनने तक संरक्षित रखना भी उतना ही आवश्यक है। इस वर्ष समिति द्वारा चलाए गए अभियान के अंतर्गत एक हजार से भी अधिक पौधों का रोपण किया गया, जो पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। समिति ने समाज के सभी वर्गों, विशेषकर युवाओं और बच्चों से आह्वान किया कि वे अपने जीवन के प्रत्येक महत्वपूर्ण अवसर पर कम से कम एक पौधा अवश्य लगाएं तथा उसके संरक्षण का संकल्प लें।
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हरित जीवन शैली अपनाने का संदेश
वृक्षारोपण कार्यक्रम के दौरान पर्यावरण संरक्षण, जल बचाओ और हरित जीवन शैली अपनाने का संदेश भी दिया गया। उपस्थित लोगों ने पौधों की नियमित देखभाल करने तथा आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ एवं हरित वातावरण बनाने का संकल्प लिया। शुचिता जागृति महिला समिति का यह अभियान न केवल हरियाली बढ़ाने की दिशा में सराहनीय प्रयास है, बल्कि समाज में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाने का प्रेरणादायी उदाहरण भी बन रहा है।
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