आगर मालवा। जिले के प्रसिद्ध बगलामुखी माता मंदिर में चप्पल चोरी की एक अनोखी घटना सामने आई है। अपनी चप्पल गायब होने से नाराज एक नायब तहसीलदार ने खुद सीसीटीवी फुटेज खंगालकर आरोपी को तलाश किया और फिर पुलिस को पत्र लिखकर कानूनी कार्रवाई की मांग की। अधिकारियों के अनुसार यह घटना सोमवार दो मार्च की है, जब नायब तहसीलदार अरुण चंद्रवंशी मंदिर में दर्शन के लिए पहुंचे थे। इस पूरे घटनाक्रम का पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिस पर लोग तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।

नायब तहसीलदार ने अपने पत्र में लिखा, मैं दो मार्च को अपराह्न 3:15 बजे बगलामुखी मंदिर में दर्शन के लिए पहुंचा था। मैंने अपनी चप्पल रसीद काउंटर के पास उतारी थी। दर्शन के उपरांत रसीद काउंटर पर अपराह्न 3:25 बजे पहुंचने पर मेरी चप्पल, जो लगभग 500 रुपए की थी, निर्धारित स्थान पर नहीं मिलीं। उन्होंने बताया कि सीसीटीवी फुटेज और मंदिर कर्मचारियों की मदद से एक संदिग्ध की पहचान की गई। आरोपी की पहचान पवन पिता प्रेमनारायण निवासी अयोध्याबस्ती नलखेड़ा के रूप में हुई है। पूछताछ के दौरान आरोपी ने चोरी स्वीकार भी कर ली। पत्र में उन्होंने यह भी उल्लेख किया, बगलामुखी मंदिर में आए दिन चप्पल-जूते और महंगे सामान चोरी हो रहे हैं, जिससे लोगों की आस्था आहत होती है।
चंद्रवंशी ने बताया कि चप्पल ढूंढने में उन्हें करीब एक घंटा परेशान होना पड़ा और एक पटवारी व अन्य व्यक्ति की मदद के बावजूद चप्पल नहीं मिली। इसके बाद उन्होंने पुलिस को भेजे पत्र में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 126 और 170 के तहत कार्रवाई की मांग की। इस मामले पर नागेश यादव, थाना प्रभारी नलखेड़ा ने कहा, नायब तहसीलदार चंद्रवंशी के पत्र पर जांच के बाद विधिसम्मत कदम उठाए जाएंगे। पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।