शहडोल में 5 हजार की रिश्वत लेते मेडिकल ऑफिसर गिरफ्तार:लोकायुक्त ने रंगे हाथों दबोचा, तबादला निरस्त करने मांगे थे 10 हजार

शहडोल। लोकायुक्त पुलिस के अनुसार, शिकायतकर्ता वीरेंद्र सिंह की शिकायत पर कार्रवाई की गई। शिकायत में पत्नी का ट्रांसफर आदेश निरस्त करने और रवानगी न देने के बदले 10 हजार रुपये रिश्वत मांगने का आरोप लगाया गया था।
शिकायत के बाद हुई कार्रवाई
लोकायुक्त पुलिस के अनुसार, उमरिया जिले के शिकायतकर्ता वीरेंद्र सिंह ने इस मामले की शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि उनकी पत्नी के ट्रांसफर आदेश को निरस्त करने और रवानगी न देने के बदले रिश्वत की मांग की जा रही थी। शिकायत के सत्यापन के बाद कार्रवाई की गई।
10 हजार रुपये की थी रिश्वत की मांग
शिकायत के अनुसार, मेडिकल ऑफिसर डॉ. महेश चंद्र शर्मा ने इस काम के एवज में 10 हजार रुपये की मांग की थी। सत्यापन के दौरान आरोपी पहली किस्त के रूप में 5 हजार रुपये पहले ही ले चुका था। इसके बाद लोकायुक्त टीम ने आगे की कार्रवाई की योजना बनाई।
दूसरी किस्त लेते ही दबोचा
शुक्रवार को जयसिंहनगर बस स्टैंड पर जैसे ही आरोपी डॉक्टर ने दूसरी किस्त के 5 हजार रुपये लिए, पहले से मौजूद लोकायुक्त रीवा संभाग की टीम ने उसे रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। कार्रवाई के दौरान आवश्यक दस्तावेजी प्रक्रिया भी पूरी की गई।
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भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज
लोकायुक्त पुलिस ने आरोपी मेडिकल ऑफिसर के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है। अधिकारियों के अनुसार, मामले में नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जा रही है।












