Saudi Arabia Advisory: सऊदी अरब में भारतीयों के लिए एडवाइजरी जारी, हमले की चेतावनी मिले तो तुरंत करें ये काम

सऊदी अरब में सुरक्षा संबंधी चिंताओं के बीच रियाद स्थित भारतीय दूतावास ने भारतीय नागरिकों के लिए एडवाइजरी जारी की है। दूतावास ने लोगों से सऊदी अधिकारियों की आपातकालीन चेतावनियों पर ध्यान देने और सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की है। एडवाइजरी में कहा गया है कि खतरे की चेतावनी मिलने पर लोग शांत रहें, सुरक्षित स्थान पर जाएं और हालात सामान्य होने तक घर या इमारत से बाहर निकलने से बचें। यह सलाह ऐसे समय आई है, जब यमन के हूती विद्रोहियों की ओर से सऊदी अरब को निशाना बनाकर किए जाने वाले ड्रोन और मिसाइल हमलों को लेकर चिंता जताई जा रही है।
जानकारी के मुताबिक, 10 अक्टूबर को रियाद के किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुए हमले में एक भारतीय नागरिक की मौत हुई थी और कई अन्य घायल हुए थे। ऐसे हालात में सऊदी अरब में रह रहे भारतीयों के लिए स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करना बेहद जरूरी है।
सऊदी अरब में भारतीय दूतावास ने क्यों जारी की एडवाइजरी?
रियाद स्थित भारतीय दूतावास ने भारतीय नागरिकों को सऊदी अरब के राष्ट्रीय आपातकालीन पूर्व चेतावनी मंच के जरिए मिलने वाले अलर्ट पर ध्यान देने को कहा है। आपातकालीन चेतावनी मिलने पर स्थानीय अधिकारियों की ओर से जारी निर्देशों को प्राथमिकता देने की सलाह दी गई है। दूतावास की अपील का मुख्य उद्देश्य संभावित खतरे के दौरान लोगों को सुरक्षित रखना और उन्हें अफवाहों के बजाय आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने के लिए प्रेरित करना है। एडवाइजरी में खास तौर पर कहा गया है कि लोग किसी भी आपात स्थिति में घबराहट से बचें और बिना जरूरत बाहर न निकलें।
हमले की चेतावनी मिले तो भारतीय नागरिक क्या करें?
सऊदी अधिकारियों के सुरक्षा निर्देशों के मुताबिक, चेतावनी मिलने पर सुरक्षित जगह पर पहुंचना सबसे जरूरी है। लोगों को खतरा टलने तक सुरक्षित स्थान पर ही रहने की सलाह दी गई है।
सुरक्षित रहने के लिए इन बातों का ध्यान रखें-
- इमारत के अंदर रहें: चेतावनी मिलने पर घर या किसी नजदीकी सुरक्षित इमारत के अंदर चले जाएं।
- खिड़कियों से दूर रहें: हमले की आशंका होने पर खिड़कियों, कांच के दरवाजों और बाहरी दीवारों से दूरी बनाएं।
- अंदरूनी कमरे में शरण लें: संभव हो तो ऐसी जगह रहें, जहां बाहर की ओर खुलने वाली खिड़कियां न हों।
- बालकनी और छत पर न जाएं: खतरे की स्थिति में खुले हिस्सों से दूर रहना बेहतर है।
- आधिकारिक निर्देशों का पालन करें: स्थानीय प्रशासन की ओर से जारी नए निर्देशों पर ध्यान दें।
- बाहर जाने से बचें: खतरा टलने की आधिकारिक सूचना मिलने तक सुरक्षित स्थान न छोड़ें।
बाहर फंसे हों तो क्या करें?
अगर किसी व्यक्ति को चेतावनी मिलने के समय बाहर रहना पड़ता है, तो उसे जल्द से जल्द किसी सुरक्षित इमारत में पहुंचने की कोशिश करनी चाहिए। यदि आसपास कोई इमारत उपलब्ध नहीं है, तो मजबूत दीवार की आड़ में शरण लेने की सलाह दी गई है। लोगों को भीड़भाड़ वाली जगहों और संभावित खतरे वाले क्षेत्रों से दूर रहना चाहिए। सुरक्षा संबंधी घटनाओं की तस्वीरें या वीडियो बनाने के लिए खतरे वाले स्थान पर रुकना भी जोखिम बढ़ा सकता है। यदि कोई व्यक्ति वाहन चला रहा है और उसे चेतावनी मिलती है, तो निर्देशों के अनुसार सुरक्षित जगह पर वाहन रोकना चाहिए। पुलों और ऊंची इमारतों के आसपास रुकने से बचने की सलाह दी गई है। इसके बाद स्थानीय अधिकारियों के निर्देशों के मुताबिक सुरक्षित स्थान पर जाना चाहिए।
सऊदी अरब में AH-6i हेलिकॉप्टर क्रैश, दो की मौत, हूतियों ने किया हमले का दावा
सऊदी अरब में इमरजेंसी नंबर क्या हैं?
सऊदी अरब में आपातकालीन स्थिति के दौरान सही नंबर पर संपर्क करना महत्वपूर्ण है। जारी निर्देशों में क्षेत्र के हिसाब से अलग-अलग नंबर बताए गए हैं।
- 911: मक्का, मदीना, रियाद और पूर्वी प्रांत में आपातकालीन सहायता के लिए।
- 998: सऊदी अरब के अन्य हिस्सों में, संबंधित निर्देशों के अनुसार।
रियाद एयरपोर्ट हमले के बाद बढ़ी चिंता
सऊदी अरब में सुरक्षा को लेकर चिंताएं उस समय और बढ़ गईं, जब 10 अक्टूबर को रियाद के किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हमले की खबर सामने आई। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, इस घटना में एक भारतीय नागरिक की मौत हुई और कई अन्य लोग घायल हुए। इसके बाद भारतीय दूतावास ने नागरिकों से सतर्क रहने, स्थानीय अधिकारियों की सलाह मानने और संवेदनशील घटनाओं से जुड़ी तस्वीरें या वीडियो रिकॉर्ड करने अथवा साझा करने से बचने की अपील दोहराई। हूती विद्रोहियों से जुड़े हमलों की आशंकाओं के बीच सऊदी अरब में रह रहे भारतीयों को किसी भी अपुष्ट संदेश या सोशल मीडिया पोस्ट के आधार पर कदम उठाने के बजाय आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करना चाहिए।
भारतीय नागरिक इन 5 गलतियों से बचें
सुरक्षा चेतावनी के दौरान छोटी-सी लापरवाही भी परेशानी बढ़ा सकती है। इसलिए भारतीय नागरिकों को इन बातों का ध्यान रखना चाहिए-
- अफवाहों पर भरोसा न करें: जानकारी के लिए आधिकारिक सरकारी और दूतावास के माध्यमों को प्राथमिकता दें।
- वीडियो बनाने के लिए बाहर न निकलें: किसी हमले या सुरक्षा घटना की रिकॉर्डिंग करने के लिए जोखिम न लें।
- खिड़कियों के पास न रहें: सुरक्षित स्थान चुनते समय कांच और बाहरी हिस्सों से दूरी रखें।
- बिना जरूरत यात्रा न करें: चेतावनी के दौरान गैर-जरूरी आवाजाही टालें।
- आधिकारिक अलर्ट नजरअंदाज न करें: मोबाइल पर आने वाली आपातकालीन चेतावनियों और प्रशासन के निर्देशों को गंभीरता से लें।



















