ग्वालियर हादसे पर सीएम मोहन यादव का सख्त एक्शन, CSP को हटाया; 8 पुलिसकर्मी सस्पेंड

भोपाल। मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोपरि है और कर्तव्य में लापरवाही किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। हादसे में मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपये, गंभीर घायलों को 2-2 लाख रुपये और अन्य घायलों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। सभी घायलों का नि:शुल्क उपचार कराया जाएगा और जवाबदेही तय कर कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
ग्वालियर हादसे के बाद मुख्यमंत्री ने की कड़ी कार्रवाई
ग्वालियर जिले में शीतला माता मंदिर के पास हुए भीषण सड़क हादसे को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अत्यंत पीड़ादायक बताया है। घटना में लापरवाही बरतने पर उन्होंने झांसी रोड के सीएसपी रवि भदौरिया को हटाने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा तीन थाना प्रभारियों, एक निरीक्षक यातायात, एक प्रधान आरक्षक और तीन आरक्षकों को निलंबित करने के निर्देश दिए गए हैं।
तीन थाना प्रभारियों समेत आठ पुलिसकर्मी निलंबित
मुख्यमंत्री डॉ. यादव के निर्देश पर झांसी रोड थाना प्रभारी शक्ति सिंह यादव, आंतरी थाना प्रभारी गीतेश शर्मा और झांसी रोड के ट्रैफिक थाना प्रभारी अभिषेक रघुवंशी को निलंबित किया गया है। इनके अलावा निरीक्षक यातायात राघवेंद्र जादौन, प्रधान आरक्षक सुशील द्विवेदी, आरक्षक किशन खन्ना, आरक्षक अनिल जैतपुरिया और आरक्षक पवन सेंगर को भी निलंबित करने के निर्देश दिए गए हैं। हादसे के बाद की गई इस कार्रवाई का उद्देश्य लापरवाही की जवाबदेही तय करना है।
ये भी पढ़ें: ग्वालियर में शीतला माता मंदिर के पास भीषण हादसा, ट्रक की टक्कर से 15 श्रद्धालुओं की मौत, 33 घायल
मृतकों के परिजनों को 4 लाख रुपये की सहायता
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों के लिए 4-4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता की घोषणा की है। इसके अलावा गंभीर रूप से घायलों को 2-2 लाख रुपये और अन्य घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार इस दुख की घड़ी में प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है।
'सभी घायलों का नि:शुल्क इलाज कराया जाएगा'
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निर्देश दिए हैं कि हादसे में घायल सभी लोगों का नि:शुल्क उपचार कराया जाए। हादसे से प्रभावित परिवार ग्वालियर, शिवपुरी और श्योपुर के रहने वाले हैं। मुख्यमंत्री ने मंत्री एदल सिंह कंषाना और मंत्री राकेश शुक्ला को भी ग्वालियर पहुंचने के निर्देश दिए हैं, ताकि प्रभावित परिवारों की स्थिति और घायलों के उपचार की व्यवस्था पर नजर रखी जा सके।
'श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोपरि, लापरवाही बर्दाश्त नहीं'
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोपरि है और कर्तव्य में लापरवाही किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि जवाबदेही तय कर दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। मुख्यमंत्री ने बाबा महाकाल से दिवंगतों को अपने श्रीचरणों में स्थान देने, शोकाकुल परिजनों को दुख सहन करने की शक्ति देने और घायलों को जल्द स्वास्थ्य लाभ प्रदान करने की प्रार्थना की है।




















