DGP-IG Conference :पीएम मोदी बोले- महिलाओं के खिलाफ अपराध रोकने डायल 112 जैसा प्लेटफॉर्म बने

रायपुर। राजधानी में 60वीं अखिल भारतीय DGP-IG Conference के अंतिम दिन रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) ने संबोधित किया। इस अवसर पर प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि महिलाओं के खिलाफ अपराध पर नियंत्रण के लिए डायल 112 जैसा एक देशव्यापी प्लेटफॉर्म बनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि ड्रग्स के गलत इस्तेमाल से निपटने के लिए सरकार का नजरिया जरूरी है, जिसमें कानून लागू करना, रिहैबिलिटेशन और कम्युनिटी लेवल पर दखल शामिल हो। उन्होंने कहा कि पुलिस के बारे में लोगों की सोच बदलने की जरूरत है, खासकर युवाओं में। इसके लिए प्रोफेशनलिज्म और सेंसिटिविटी को बढ़ाना होगा और शहरी और टूरिस्ट पुलिसिंग को मजबूत करना होगा। उन्होंने कहा कि भविष्य की पुलिसिंग एआई, फोरेंसिक, नेटग्रिड और डेटा ड्राइवन सिस्टम से चलेगी।
नक्सल मुक्त क्षेत्रों का विकास सुनिश्चित करें
DGP-IG Conference के अंतिम दिन पीएम मोदी (PM Modi) ने प्रतिबंधित संगठनों की नियमित निगरानी के लिए तंत्र स्थापित करने, वामपंथी उग्रवाद से मुक्त क्षेत्रों का समग्र विकास सुनिश्चित करने और तटीय सुरक्षा को मजबूत करने के लिए नवोन्मेषी मॉडल अपनाने के महत्व पर जोर दिया। प्रधानमंत्री ने कहा कि नशीली दवाओं के दुरुपयोग से निपटने के लिए एक समग्र सरकारी दृष्टिकोण की आवश्यकता है। इसमें प्रवर्तन, पुनर्वास और सामुदायिक स्तर पर हस्तक्षेप एक साथ किया जाए।
विदेश भागे भगोड़ों को भारत लाने पर चर्चा
कॉन्फ्रेंस में राष्ट्रीय सुरक्षा के विविध मुद्दों पर गहन विचार-विमर्श हुआ। विजन 2047 की दिशा में पुलिस व्यवस्था के दीर्घकालिक रोडमैप, आतंकवाद-निरोध और कट्टरपंथ-निरोध में उभरते रुझान, महिलाओं की सुरक्षा बढ़ाने में तकनीक का लाभ उठाने, विदेशों में रह रहे भारतीय भगोड़ों को वापस लाने की रणनीतियों और प्रभावी जांच एवं अभियोजन सुनिश्चित करने के लिए फोरेंसिक क्षमताओं को मजबूत करने पर चर्चा हुई।
पुलिस व्यवस्था को फिर से व्यवस्थित करें
प्रधानमंत्री ने मजबूत तैयारियों और समन्वय की आवश्यकता पर जोर दिया और पुलिस प्रमुखों से चक्रवात, बाढ़ और अन्य प्राकृतिक आपात स्थितियों, जिनमें चक्रवात दित्वा की मौजूदा स्थिति भी शामिल है, के लिए प्रभावी आपदा प्रबंधन तंत्र को मजबूत करने का आग्रह किया। अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने पुलिस नेतृत्व से आह्वान किया कि वे विकासशील राष्ट्र की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए पुलिस व्यवस्था को फिर से व्यवस्थित करें, ताकि विकसित भारत बनने की राह पर साफ हो सके।
खुफिया ब्यूरो के अधिकारियों को पदक दिए
प्रधानमंत्री ने खुफिया ब्यूरो के अधिकारियों को विशिष्ट सेवा के लिए राष्ट्रपति पुलिस पदक प्रदान किए। उन्होंने शहरी पुलिस व्यवस्था में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले तीन शहरों को भी पुरस्कार प्रदान किए। यह सम्मान शहरी पुलिस व्यवस्था में नवाचार और सुधार को प्रोत्साहित करने के लिए पहली बार स्थापित किया गया है।












