NEET UG 2026 :AI से बनी OMR शीट पर NTA का एक्शन, दी लीगल एक्शन की चेतावनी

नई दिल्ली। NEET UG 2026 के रिजल्ट के बाद स्कोर को लेकर सामने आ रही शिकायतों के बीच नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने छात्रों और उनके अभिभावकों के लिए सख्त एडवाइजरी जारी की है। एजेंसी ने स्पष्ट किया है कि स्कोर में गड़बड़ी की शिकायत करते समय केवल आधिकारिक OMR रिस्पॉन्स शीट का ही इस्तेमाल करें। जांच के दौरान कई मामलों में AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) से तैयार या छेड़छाड़ की गई OMR शीट मिलने के बाद NTA ने चेतावनी दी है कि फर्जी दस्तावेज जमा करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
जांच में सामने आई AI से बनी OMR शीट
NTA के मुताबिक, रिजल्ट घोषित होने के बाद कई छात्रों ने अपने प्राप्त अंकों और OMR शीट के बीच अंतर होने की शिकायत दर्ज कराई थी। इन शिकायतों की जांच के दौरान एजेंसी को कुछ ऐसी OMR शीट मिलीं, जो पहली नजर में ही नकली या AI की मदद से तैयार की गई प्रतीत हुईं। कुछ मामलों में OMR शीट के साथ डिजिटल छेड़छाड़ भी पाई गई।
एजेंसी ने कहा कि, वह सभी शिकायतों की बारीकी से जांच कर रही है और किसी भी तरह के फर्जी दस्तावेज को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
NTA ने छात्रों और अभिभावकों को दी यह सलाह
एडवाइजरी में NTA ने कहा है कि जिन उम्मीदवारों को अपने स्कोर को लेकर कोई संदेह है, वे केवल आधिकारिक वेबसाइट से डाउनलोड की गई मूल OMR रिस्पॉन्स शीट का ही उपयोग करें। शिकायत दर्ज करते समय एडिट की गई, बदली हुई या AI से बनाई गई OMR शीट जमा करना गंभीर अपराध माना जाएगा। एजेंसी ने कहा है कि, परीक्षा प्रक्रिया को प्रभावित करने या गलत दस्तावेजों के जरिए भ्रम फैलाने की कोशिश करने वालों पर कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी।
पुणे और बीड के मामलों से बढ़ा विवाद
रिजल्ट के बाद महाराष्ट्र के पुणे और बीड से दो प्रमुख मामले सामने आए थे। पुणे के एक छात्र ने दावा किया कि उसे दो अलग-अलग OMR शीट मिलीं। पहली OMR शीट के आधार पर उसका संभावित स्कोर 707 अंक बन रहा था, जबकि घोषित रिजल्ट में उसे 217 अंक मिले।
वहीं बीड के एक छात्र ने आरोप लगाया कि उसकी OMR शीट सही होने के बावजूद उसे 95 अंक दिए गए, जबकि उसके अनुसार अंतिम उत्तर कुंजी के हिसाब से उसे 522 अंक मिलने चाहिए थे। NTA की जांच में पुणे वाले मामले में प्रस्तुत OMR शीट AI से तैयार पाई गई, जबकि दूसरे मामले में दस्तावेज के साथ छेड़छाड़ होने की पुष्टि हुई।
NTA ने दी कानूनी कार्रवाई की चेतावनी
NTA ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर भी स्पष्ट किया कि एजेंसी हर शिकायत की निगरानी कर रही है। यदि कोई छात्र, अभिभावक या अन्य व्यक्ति जांच के दौरान फर्जी या AI से तैयार OMR शीट जमा करता है, तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। एजेंसी ने यह भी कहा कि, परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए झूठे आरोप या मनगढ़ंत सबूत स्वीकार नहीं किए जाएंगे।
16 जुलाई को जारी हुआ था NEET UG 2026 का रिजल्ट
NEET UG 2026 का परिणाम 16 जुलाई को घोषित किया गया था। इस वर्ष 11.21 लाख से अधिक अभ्यर्थियों ने परीक्षा क्वालिफाई की। परीक्षा में दो उम्मीदवारों ने 720 में से 715 अंक हासिल किए। आर्यन गुप्ता ने ऑल इंडिया रैंक (AIR)-1 और पंशुल बंसल ने AIR-2 प्राप्त की।
पेपर लीक विवाद के बाद दोबारा हुई थी परीक्षा
इस वर्ष NEET UG परीक्षा विवादों में रही। 3 मई को आयोजित परीक्षा में कथित पेपर लीक और अन्य अनियमितताओं के आरोप सामने आने के बाद परीक्षा रद्द कर दी गई थी। इसके बाद 21 जून को दोबारा परीक्षा आयोजित की गई। मामले की जांच फिलहाल CBI कर रही है।
इसी विवाद के बाद केंद्र सरकार ने भविष्य में NEET परीक्षा को पारंपरिक पेन-एंड-पेपर मोड की बजाय कंप्यूटर आधारित टेस्ट (CBT) के रूप में आयोजित करने का फैसला भी घोषित किया है।
हर साल 25 लाख से अधिक छात्र देते हैं NEET
NEET UG देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा है। हर वर्ष करीब 25 लाख अभ्यर्थी इस परीक्षा के लिए आवेदन करते हैं। इसी परीक्षा के आधार पर देशभर के मेडिकल कॉलेजों में करीब 1.08 लाख MBBS सीटों पर प्रवेश मिलता है। इनमें लगभग 56 हजार सरकारी और 52 हजार निजी मेडिकल कॉलेजों की सीटें शामिल हैं। इसके अलावा BDS, आयुर्वेद, यूनानी, सिद्ध और अन्य मेडिकल पाठ्यक्रमों में भी दाखिला NEET के परिणाम के आधार पर ही दिया जाता है।
NTA की अपील
NTA ने सभी अभ्यर्थियों और अभिभावकों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे अप्रमाणिक दस्तावेजों या AI से तैयार सामग्री पर भरोसा न करें। अगर स्कोर को लेकर कोई शिकायत है, तो केवल आधिकारिक दस्तावेजों के साथ निर्धारित प्रक्रिया के तहत ही शिकायत दर्ज करें। इससे न केवल जांच निष्पक्ष होगी, बल्कि अनावश्यक कानूनी कार्रवाई से भी बचा जा सकेगा।











