पैलेट गन से घायल छात्र को लेकर थाने पहुंचे राहुल गांधी, सरकार पर लगाए गंभीर आरोप

दिल्ली में छात्रों के प्रदर्शन के दौरान पैलेट गन के इस्तेमाल का मामला अब और गरमा गया है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी घायल छात्र साहिल लाछोब को लेकर पार्लियामेंट स्ट्रीट थाने पहुंचे हैं। राहुल गांधी यहां प्रदर्शन के दौरान पैलेट गन से घायल हुए छात्र को लेकर शिकायत करने पहुंचे हैं। राहुल गांधी ने जंतर-मंतर पर हुए छात्रों के प्रदर्शन के दौरान पैलेट गन से घायल हुए साहिल लाछोब को अपने साथ थाने ले जाकर मामले में शिकायत की है। इस मामले को लेकर राहुल गांधी पहले भी सरकार पर सवाल उठा चुके हैं।
घायल छात्र साहिल को लेकर पहुंचे राहुल
दरअसल, 20 जुलाई को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस कार्रवाई हुई थी। इसी दौरान पैलेट गन से घायल हुए छात्र साहिल लाछोब को लेकर राहुल गांधी ने सवाल उठाए थे। राहुल गांधी का कहना है कि पैलेट गन लगने की वजह से साहिल की एक आंख की रोशनी जाने का खतरा है। अब वह इसी मामले को लेकर थाने पहुंचे हैं।'
24 जुलाई को साहिल के साथ की थी प्रेस कॉन्फ्रेंस
राहुल गांधी ने 24 जुलाई 2026 को साहिल लाछोब के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस भी की थी। इस दौरान उन्होंने सरकार से पैलेट गन के इस्तेमाल को लेकर जवाब मांगा था। राहुल गांधी ने सरकार पर इस मामले से जुड़े दावों को लेकर झूठ बोलने का आरोप भी लगाया था।
कांग्रेस ने गृह मंत्री से मांगा जवाब
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता गुलाम अहमद मीर ने एबीपी न्यूज से बातचीत में कहा कि 20 जुलाई को छात्रों के खिलाफ जिस तरह कार्रवाई हुई, उसका जवाब गृह मंत्री अमित शाह को देना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार को साफ-साफ बताना चाहिए कि छात्रों के खिलाफ पैलेट गन इस्तेमाल करने की अनुमति दी गई थी या नहीं। अगर अनुमति दी गई थी तो इसकी जानकारी सामने आनी चाहिए और अगर अनुमति नहीं दी गई थी तो फिर यह कार्रवाई किसके आदेश पर हुई, इसका जवाब मिलना चाहिए। मीर ने कहा कि राहुल गांधी इसी मामले को उठाने और पूरी घटना को सामने लाने के लिए थाने पहुंचे हैं। साथ ही वह मामले में कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
अमित शाह को पत्र लिख चुके हैं राहुल गांधी
राहुल गांधी इससे पहले 20 जुलाई को छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र भी लिख चुके हैं। उन्होंने मामले में जिम्मेदारी तय करने की मांग की थी। राहुल गांधी ने बताया था कि उन्होंने 19 वर्षीय छात्र साहिल लोचब से मुलाकात की थी। उनके मुताबिक, छात्र गंभीर दर्द में था और पैलेट गन लगने के कारण उसकी एक आंख की रोशनी जाने की आशंका थी। राहुल गांधी ने सवाल उठाया था कि क्या प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ पैलेट गन जैसे बल के इस्तेमाल की मंजूरी गृह मंत्री ने दी थी? अगर नहीं, तो फिर इसकी अनुमति किसने दी? अब राहुल गांधी के थाने पहुंचने के बाद इस मामले में सियासत और तेज हो गई है।





















