भोपाल।मध्य प्रदेश में मार्च के महीने में कभी तेज गर्मी लोगों को परेशान कर रही है तो कभी अचानक बारिश और आंधी से मौसम ठंडा हो जा रहा है। अब एक बार फिर प्रदेश में मौसम बदलने वाला है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, प्रदेश में मार्च महीने में तीसरी बार मौसम करवट लेगा। एक नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) सक्रिय होने जा रहा है, जिसके असर से 27, 28 और 29 मार्च को कई जिलों में तेज आंधी और बारिश की संभावना जताई गई है।
मौसम विभाग के मुताबिक, इस सिस्टम का असर उज्जैन, ग्वालियर, चंबल और सागर संभाग में सबसे ज्यादा देखने को मिल सकता है। इन इलाकों में तेज हवा, बादल गरजने और हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है।
मौसम विभाग के अनुसार, 26 मार्च को प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क रहेगा। हालांकि, कुछ जगहों पर हल्के बादल देखे जा सकते हैं, लेकिन बारिश की संभावना नहीं है। सुबह से ही सूरज के तीखे तेवर देखने को मिल रहे हैं, जिससे दिन के समय गर्मी का असर महसूस होगा। खास कर से भोपाल, उज्जैन, सागर और नर्मदापुरम संभाग में तापमान अधिक रहने की संभावना है।
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मार्च महीने में अब तक आंधी-बारिश के दो बड़े दौर आ चुके हैं। इनमें से एक दौर लगातार चार दिनों तक चला, जिसमें प्रदेश के 45 से ज्यादा जिलों में बारिश और आंधी देखने को मिली थी। इसके अलावा 17 जिलों में ओले गिरने की घटनाएं भी सामने आईं, जिससे किसानों की फसल को काफी नुकसान हुआ। अब मौसम विभाग के अनुसार 27 मार्च से तीसरा दौर शुरू होने की संभावना है।
मौसम विभाग ने 27 मार्च के लिए कई जिलों में येलो अलर्ट जारी किया है।
संभावित प्रभावित जिले- ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना
इन जिलों में बादल गरजने, तेज हवा और हल्की बारिश हो सकती है।
शनिवार यानी 28 मार्च को मौसम का दायरा और बढ़ सकता है।
इन जिलों में बारिश की संभावना- ग्वालियर, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज
इन इलाकों में धूल भरी आंधी चलने की भी आशंका जताई गई है।
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रविवार यानी 29 मार्च को मौसम का असर और व्यापक हो सकता है।
इन जिलों में अलर्ट- ग्वालियर, उज्जैन, आगर-मालवा, राजगढ़, गुना, रतलाम, मंदसौर, नीमच, शिवपुरी, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर
इन जिलों में तेज आंधी और बारिश की संभावना जताई गई है।
बारिश के सिस्टम से पहले प्रदेश में गर्मी का असर तेज हो गया है। मौसम विभाग के अनुसार कई शहरों में तापमान 38 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है।
5 बड़े शहरों का तापमान
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शहर |
अधिकतम तापमान |
|
उज्जैन |
36.5°C |
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जबलपुर |
36.1°C |
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इंदौर |
36.0°C |
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भोपाल |
35.8°C |
|
ग्वालियर |
35.1°C |
प्रदेश में सबसे ज्यादा तापमान नर्मदापुरम में दर्ज किया गया।
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शहर |
तापमान |
|
नर्मदापुरम |
38.8°C |
|
रतलाम |
38.6°C |
|
खंडवा |
38.5°C |
|
खरगोन |
38.0°C |
|
रायसेन |
38.0°C |
इसके अलावा
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शहर |
अधिकतम |
न्यूनतम |
|
भोपाल |
35.8 |
17.8 |
|
इंदौर |
36.0 |
18.8 |
|
ग्वालियर |
35.1 |
18.3 |
|
उज्जैन |
36.5 |
17.8 |
|
जबलपुर |
36.1 |
19.0 |
|
सागर |
35.8 |
22.6 |
|
रीवा |
33.8 |
16.0 |
|
छिंदवाड़ा |
35.9 |
19.2 |
मार्च में हो रही बेमौसम बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। पहले आए दो दौर में 17 जिलों में ओले गिरे। जिसकी वजह से गेहूं, पपीता और केले की फसलें खराब हुईं। कई इलाकों में फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। किसानों को डर है कि अगर तीसरे दौर में भी तेज बारिश या ओले पड़े तो नुकसान और बढ़ सकता है।
इस साल फरवरी में भी मौसम कई बार बदला था। फरवरी में कुल 4 बार मौसम में बदलाव देखा गया।
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तारीख |
मौसम |
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शुरुआत |
बारिश और ओले |
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18 फरवरी |
तीसरा सिस्टम सक्रिय |
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19-21 फरवरी |
बारिश |
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23-24 फरवरी |
ओले और बारिश |
इस दौरान फसलों को नुकसान हुआ था और सरकार ने फसल सर्वे भी कराया था।
मौसम विभाग के अनुसार 28 मार्च की रात से एक और पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकता है। यह सिस्टम उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित करेगा और इसका असर मध्यप्रदेश तक पहुंच सकता है। इसके कारण अप्रैल की शुरुआत भी आंधी-बारिश के साथ होने की संभावना है।
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मौसम विभाग का अनुमान है कि इस साल अप्रैल और मई में गर्मी काफी ज्यादा पड़ेगी। इन संभागों में तापमान 45 डिग्री के पार जा सकता है।
इसके अलावा भोपाल, इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग भी गर्म रहेंगे।
पिछले 10 साल के आंकड़ों पर नजर डालें तो मार्च महीने में मध्यप्रदेश में तीनों तरह का मौसम देखने को मिलता है।
इस बार भी प्रदेश में ठंड, गर्मी और बारिश तीनों का असर देखने को मिल रहा है।