अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0-शहरों में बनेंगी हाईराइज इमारतें, 5 से 6 लाख में मिलेंगे फ्लैट, सीएम ने जारी किए शहरी नीतियों के ड्राफ्ट

इंदौर।मध्यप्रदेश के शहरों में अब हाईराइज इमारतों के निर्माण का रास्ता आसान होगा। वहीं, आम लोगों को 5 से 6 लाख रुपए तक की कीमत वाले किफायती फ्लैट उपलब्ध कराने के लिए निजी बिल्डरों को निवेश के लिए आमंत्रित किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बुधवार को इंदौर में आयोजित अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0 में तीन शहरी नीतियों के साथ यूनिफाइड लैंड डेवलपमेंट एंड बिल्डिंग प्रमोशन रूल्स-2026 का प्रारूप जारी किया। सरकार का लक्ष्य शहरों में नियोजित विकास, किफायती आवास और निवेश को बढ़ावा देना है।
इंदौर बनेगा फ्यूचर सिटी, पांच हजार एकड़ में होंगे विकास
मुख्यमंत्री ने कहा कि इंदौर, उज्जैन और भोपाल को मेट्रोपॉलिटन सिटी के रूप में विकसित किया जा रहा है। वर्ष 2047 तक 20 लाख रोजगार के अवसर सृजित करने, 12 से 15 नई टाउनशिप विकसित करने और 25 से 30 हजार एकड़ क्षेत्र में नियोजित शहरी विकास का लक्ष्य है। इंदौर फ्यूचर सिटी में 5 हजार एकड़ में आवास, उद्योग और रोजगार आधारित विकास किया जाएगा।
पानी बचाने के लिए ट्रीटमेंट पर जोर

कॉन्क्लेव में मध्यप्रदेश अर्बन अफोर्डेबल हाउसिंग एंड हैबिटेट पॉलिसी-2026, ट्रीटेड वेस्ट वॉटर रिसाइक्लिंग एंड रीयूज पॉलिसी-2026 और यूनिफाइड लैंड डेवलपमेंट एंड बिल्डिंग प्रमोशन रूल्स-2026 के प्रारूप जारी किए गए। जल पुनर्चक्रण नीति के तहत नगरीय निकायों में अपशिष्ट जल का बेहतर उपचार कर दोबारा उपयोग बढ़ाने पर जोर रहेगा। उपचारित जल के पुनः उपयोग का लक्ष्य 2037 तक 50 प्रतिशत रखा गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में अब तक लगभग 12 लाख करोड़ रुपए का निवेश धरातल पर उतर चुका है। शहरों को आधुनिक, निवेश-अनुकूल और पर्यावरण-संवेदनशील बनाना सरकार की प्राथमिकता है।
डेला ग्रुप का 2250 करोड़ का निवेश प्रस्ताव
कॉन्क्लेव में डेला ग्रुप के संस्थापक एवं सीएमडी जिमी मिस्त्री ने मुख्यमंत्री से वन-टू-वन चर्चा की। भोपाल में 220 एकड़ क्षेत्र में 2250 करोड़ रुपए की प्रस्तावित डेला रेसकोर्स परियोजना पर चर्चा हुई। इसमें लक्जरी विला, ब्रांडेड रेसिडेंस, पांच सितारा वाइल्डलाइफ रिसॉर्ट और घुड़सवारी व पोलो की सुविधाएं विकसित करने की योजना है।
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निवेश और तकनीकी सहयोग
नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि शहर आर्थिक विकास के इंजन हैं। वहीं, अपर मुख्य सचिव संजय दुबे ने बताया कि प्रदेश का लक्ष्य 2047 तक 2 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनना है। कॉन्क्लेव में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, शहरी अधोसंरचना, सौर ऊर्जा, फ्लोटिंग सोलर और स्मार्ट ट्रैफिक मैनेजमेंट जैसे क्षेत्रों में निवेश और तकनीकी सहयोग पर भी चर्चा हुई।
कॉन्क्लेव की खास बातें
- अफोर्डेबल हाउसिंग पॉलिसी-2026 का प्रारूप जारी।
- 5 से 6 लाख रुपए में किफायती फ्लैट का लक्ष्य।
- हाईराइज निर्माण के नियम होंगे सरल।
- ट्रीटेड वेस्ट वॉटर रीयूज पॉलिसी लॉन्च।
- इंदौर, उज्जैन, भोपाल बनेंगे मेट्रोपॉलिटन सिटी।
- 2047 तक 20 लाख रोजगार का लक्ष्य।
- 12 से 15 नई टाउनशिप विकसित होंगी।
- इंदौर फ्यूचर सिटी में 5 हजार एकड़ में विकास।
- डेला ग्रुप का 2250 करोड़ का निवेश प्रस्ताव।
- शहरी अधोसंरचना और जल संरक्षण पर जोर।
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