इंदौर में मौसम ने ली करवट: मानसून की एंट्री, झमाझम बारिश से उमस से मिली राहत

इंदौर। शहर में मानसून की आधिकारिक दस्तक के साथ मौसम पूरी तरह बदल गया और तापमान में गिरावट दर्ज की गई। खजराना, बंगाली चौराहा, विजय नगर समेत कई इलाकों में बारिश के कारण पानी जमा हो गया, जिससे कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित रहा। मौसम विभाग ने आगामी दिनों में बारिश की चेतावनी जारी की है।
कई इलाकों में जलभराव से यातायात प्रभावित
बारिश के दौरान खजराना, बंगाली चौराहा, विजय नगर और अन्य निचले क्षेत्रों में पानी भर गया। जलभराव के कारण कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ। कई वाहन चालकों को धीमी स्पीड से गुजरना पड़ा। हालांकि बारिश थमने के बाद स्थिति धीरे-धीरे सामान्य होती नजर आई।

पश्चिमी मध्यप्रदेश में सक्रिय हुआ मानसून
मौसम विभाग के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून ने पश्चिमी मध्यप्रदेश के इंदौर, धार, खंडवा, खरगोन, बुरहानपुर और बड़वानी जिलों में प्रवेश कर लिया है। मानसून की आधिकारिक दस्तक के साथ ही शहर का मौसम पूरी तरह बदल गया। इसके साथ ही तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई। लोगों ने लंबे समय बाद राहत महसूस की।
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जुलाई, अगस्त में होगी अच्छी बारिश!
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) भोपाल के वैज्ञानिक अरुण शर्मा ने बताया कि मानसून अब पश्चिमी मध्यप्रदेश में सक्रिय हो चुका है और आने वाले दिनों में वर्षा की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है। उन्होंने कहा कि जून महीने में भले ही बारिश सामान्य से कम रहे, लेकिन जुलाई और अगस्त में मानसून के मजबूत होने के संकेत हैं। प्रदेश की कुल मौसमी वर्षा का लगभग 60 प्रतिशत हिस्सा इन्हीं दो महीनों में दर्ज होता है।
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खरीफ की फसलों को होगा फायदा
कृषि महाविद्यालय वेधशाला में बुधवार शाम तक करीब 20 मिमी वर्षा दर्ज की गई। वहीं मौसम विभाग के एयरपोर्ट केंद्र पर वर्षा का आंकड़ा 1.3 मिमी रिकॉर्ड किया गया। इसके साथ ही इस सीजन में शहर में अब तक तीन इंच से अधिक बारिश हो चुकी है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार अगले कुछ दिनों तक रुक-रुककर बारिश का दौर जारी रह सकता है, जिससे खरीफ फसलों की बुवाई को गति मिलेगी। हालांकि भारतीय मौसम विभाग ने इस वर्ष मध्यप्रदेश के अधिकांश जिलों में सामान्य से कम वर्षा का अनुमान जताया है, लेकिन जुलाई और अगस्त में अच्छी बारिश की उम्मीद बरकरार है।












