Naresh Bhagoria
26 Jan 2026
नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली और NCR में बढ़ता Air Pollution एक बार फिर संसद में बड़ा मुद्दा बन गया है। लोकसभा के शीतकालीन सत्र में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने Air Pollution को राष्ट्रीय आपात स्थिति बताते हुए कहा कि, लाखों बच्चे और बुजुर्ग इसकी वजह से गंभीर बीमारियों का शिकार हो रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि, यह ऐसा विषय है जिस पर राजनीति नहीं, बल्कि मिलकर काम करने की जरूरत है, क्योंकि Air Pollution आज हर भारतीय के जीवन को प्रभावित कर रहा है।
शीतकालीन सत्र के 10वें दिन राहुल गांधी ने दिल्ली में गंभीर वायु प्रदूषण पर चिंता जताते हुए कहा कि, राजधानी में AQI 400 के आसपास है, जो स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक स्तर है। उन्होंने सदन में विनम्र रूप से आग्रह किया कि, प्रदूषण पर तात्कालिक चर्चा कर इसे राष्ट्रीय मिशन स्तर पर संबोधित किया जाए।
राहुल गांधी ने कहा कि, देश के अधिकांश बड़े शहर जहरीली हवा की चादर में ढंके हुए हैं। उन्होंने बताया कि, लाखों बच्चे फेफड़ों की बीमारियों से पीड़ित हो रहे हैं। कैंसर और सांस की बीमारियों के मामलों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। बुजुर्गों के लिए हवा के हालात और भी खतरनाक होते जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि, यह राजनीतिक बहस का नहीं, बल्कि जनहित का मुद्दा है। इसलिए सत्ता पक्ष और विपक्ष को मिलकर समाधान तय करना चाहिए।
राहुल गांधी ने सदन में कहा कि, हम यह चर्चा इस आधार पर न चलाएं कि कौन क्या नहीं कर पाया। बल्कि इस बात पर ध्यान दें कि आने वाले 5-10 वर्षों में भारत के लोगों के लिए हम क्या करने जा रहे हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि, हर शहर के लिए अलग-अलग प्रदूषण नियंत्रण प्लान बने। केंद्र और राज्य सरकारें संयुक्त रणनीति बनाएं। प्रधानमंत्री इस पर पहल करें और एक राष्ट्रीय फ्रेमवर्क तैयार हो।
राहुल गांधी की बात पर संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने सकारात्मक प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि, सरकार प्रदूषण पर विस्तृत चर्चा के लिए तैयार है। बिजनेस एडवाइजरी कमेटी समय आवंटित करेगी। सरकार विपक्ष के साथ मिलकर समाधान निकालने को तैयार है। यह स्पष्ट करता है कि, सदन इस मुद्दे को गंभीरता से सुन रहा है।
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दिल्ली और NCR के कई इलाकों में नवंबर की शुरुआत से AQI अत्यंत गंभीर श्रेणी (400-600) में बना हुआ है।
स्थिति को देखते हुए विपक्ष और विशेषज्ञ लगातार चेतावनी दे रहे हैं कि, लंबे समय तक यह स्तर स्वास्थ्य के लिए बेहद घातक हो सकता है।
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