सोहागपुर के मढ़ई क्षेत्र में सोमवार को दो बाघों के बीच जबरदस्त संघर्ष हुआ। इस टकराव ने जंगल में हलचल मचा दी। लड़ाई मशहूर बाघ शंकरा और पट्टन क्षेत्र से आए एक युवा बाघ के बीच हुई। मुख्य कारण इलाके में वर्चस्व की जंग और बाघिन ‘बच्ची’ को लेकर माना जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, दोनों बाघों के बीच करीब आधे घंटे तक आमना-सामना चला। इस दौरान दहाड़ और संघर्ष की आवाजों से पूरा जंगल गूंज उठा।
संघर्ष में शंकरा को मामूली चोटें आई हैं, लेकिन फिलहाल वह सुरक्षित है और डॉक्टरों की निगरानी में है। पशु चिकित्सकों के अनुसार, शंकरा की उम्र लगभग 8 साल है और वह जल्द ही पूरी तरह स्वस्थ हो जाएगा। दूसरी ओर, हमलावर बाघ और बाघिन बच्ची की उम्र करीब 4 साल बताई जा रही है।
[breaking type="Breaking"]
रेंजर राहुल उपाध्याय ने बताया कि बाहरी बाघ अपनी टेरिटरी में लौट गया है। वन विभाग की गश्ती टीम पूरे इलाके में सतत निगरानी बनाए हुए है। एसडीओ आशीष खोबरागड़े ने कहा कि दोबारा संघर्ष की संभावना बनी हुई है और स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
इस मुठभेड़ में शंकरा का पलड़ा भारी रहा, जिसके चलते दूसरा बाघ फिलहाल इलाके में दिखाई नहीं दे रहा है। जंगल में शांति बनाए रखने के लिए वन विभाग सतर्क है।