इंदौर। शहर में नशे का बड़ा अड्डा चलाने वाली द्वारकापुरी क्षेत्र की कुख्यात महिला तस्कर सीमा नाथ आखिरकार पुलिस के हत्थे चढ़ गई। क्राइम ब्रांच ने रविवार शाम द्वारकापुरी क्षेत्र में दबिश देकर उसे गिरफ्तार किया। छापे में पुलिस को 516 ग्राम से ज्यादा ब्राउन शुगर और 48 लाख रुपए से अधिक नकदी मिली।
जानकारी के मुताबिक क्राइम ब्रांच को लंबे समय से सीमा नाथ के अवैध मादक पदार्थ के कारोबार में लिप्त होने की सूचना मिल रही थी। रविवार को क्राइम ब्रांच की टीम ने मुखबिर से सूचना मिलने के बाद महिला बल के साथ उसकी झोपड़ी पर दबिश दी गई। इस दौरान सीमा रंगे हाथों पकड़ी गई। छापेमारी में पुलिस ने घर की लोहे की कोठियों और कपड़ों के बीच छुपाकर रखी नकदी की गड्डियां बरामद कीं। देर रात तक पुलिस टीम नोटों की गिनती करती रही। शुरुआती अनुमान के अनुसार रकम 48 लाख रुपये से ज्यादा है।

पुलिस का मानना है कि यह पैसा नशे के अवैध धंधे से कमाया गया है। सीमा नाथ का आपराधिक रिकॉर्ड लंबा है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, गिरफ्तारी से बचने के लिए वह अक्सर पुरुष पुलिसकर्मियों को धमकी देती थी और कपड़े फाड़कर झूठे आरोप लगाने की कोशिश करती थी। यही वजह थी कि पुलिस भी उसके खिलाफ सीधी कार्रवाई से बचती रही। लेकिन इस बार महिला पुलिस बल की मौजूदगी में उसकी सभी चालाकियां नाकाम हो गईं। पुलिस अब सीमा से पूछताछ कर उसके नेटवर्क और सप्लाई चैन की जानकारी जुटाने में लगी है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं।
सीमा का भाई चेतन नाथ और अर्जुन नाथ सिरपुर इलाके के चर्चित अतुल बंसल हत्याकांड में शामिल रहे हैं। वहीं उसका पति महेश टोपी भी नशे के धंधे में सक्रिय है और अपराधी शुभम नेपाली से उसकी गैंगवार चलती रही है। हाल ही में शुभम नेपाली को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया था। सीमा ने महेश टोपी से प्रेम विवाह किया था और दोनों मिलकर नशे का नेटवर्क संभाल रहे थे।
सीमा नाथ की गिरफ्तारी का सबसे चौंकाने वाला पहलू यह है कि वह पहले भी कई बार ड्रग्स के साथ पकड़ी जा चुकी है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, वह नाबालिग बच्चों से ड्रग्स बिकवाती थी ताकि खुद पर आरोप न लगे। पिछली बार भी द्वारकापुरी पुलिस ने उसे पकड़ा था, उस दौरान उसने हाथापाई कर भागने की कोशिश की थी लेकिन आखिरकार सलाखों के पीछे पहुंच गई थी।
(रिपोर्ट - हेमंत नागले)