हरदा में नवजात बच्ची को सड़क किनारे छोड़ने का मामला, मां और नानी हिरासत में

हरदा। जिला अस्पताल के सामने चिकमंगलूर चौराहे के पास नवजात बच्ची को सड़क किनारे लावारिस छोड़ने के मामले में पुलिस ने बच्ची की मां और नानी को हिरासत में लिया है। गुरुवार को बच्ची मिलने की सूचना पर सिटी थाना पुलिस मौके पर पहुंची थी। पुलिस ने नवजात को सुरक्षित जिला अस्पताल पहुंचाकर बच्चों के आईसीयू में भर्ती कराया। सीसीटीवी फुटेज और अस्पताल के रिकॉर्ड की जांच के बाद पुलिस युवती और उसकी मां तक पहुंची। फिलहाल, मामले में आगे की जांच जारी है।
सीसीटीवी फुटेज से सामने आई युवती और उसकी मां की पहचान
नवजात बच्ची मिलने के बाद सिटी थाना प्रभारी रोशनलाल भारती ने अस्पताल परिसर और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज की जांच कराई। फुटेज में एक युवती और उसकी मां बच्ची को सड़क किनारे छोड़ते हुए नजर आईं। इसके बाद पुलिस ने जिला अस्पताल के रिकॉर्ड खंगाले, जहां युवती के नाम और बच्ची के जन्म से संबंधित जानकारी मिली। पुलिस के अनुसार युवती बच्ची को जन्म देने के बाद अस्पताल से बाहर लेकर गई थी। बाद में उसने अपनी मां के साथ बच्ची को सड़क किनारे छोड़ दिया और घर चली गई। अस्पताल के रिकॉर्ड से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस सिराली पहुंची और युवती तथा उसकी मां को पूछताछ के लिए सिटी थाने ले आई।
मजदूरी के दौरान युवक से बने संबंध, अस्पताल में दिया बच्ची को जन्म
पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि युवती की उम्र 24 वर्ष है और वह अविवाहित है। युवती के अनुसार, गांव में मजदूरी के दौरान गोविंद मर्सकोले नाम के युवक से उसके संबंध बने थे, जिसके चलते वह गर्भवती हो गई। प्रसव पीड़ा होने पर उसकी मां ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया था। गुरुवार को युवती ने अस्पताल में बच्ची को जन्म दिया। युवती ने पुलिस को बताया कि बच्ची के जन्म के बाद वह अपनी मां के साथ उसे लेकर अस्पताल से बाहर आ गई थी। अविवाहित होने के कारण समाज के तानों का डर था। इसी वजह से उसने अपनी मां के साथ मिलकर नवजात बच्ची को सड़क किनारे छोड़ दिया और घर चली गई।
युवती की मां ने बताई सगाई की बात, युवक की भूमिका की जांच
पूछताछ के दौरान युवती ने पुलिस को संबंधित युवक के बारे में जानकारी दी है। वहीं युवती की मां ने पुलिस को बताया कि उसकी बेटी की सगाई भी हो चुकी है। इस घटनाक्रम के सामने आने के बाद पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है। पुलिस संबंधित युवक गोविंद मर्सकोले की भूमिका की भी पड़ताल कर रही है। पुलिस उसके घर पहुंची, लेकिन वह वहां नहीं मिला। इसके बाद उसके परिचितों से उसे पूछताछ के लिए थाने भेजने को कहा गया। पुलिस के अनुसार, शुक्रवार दोपहर तक गोविंद मर्सकोले थाने नहीं पहुंचा था।
नवजात बच्ची जिला अस्पताल के आईसीयू में भर्ती
फिलहाल नवजात बच्ची जिला अस्पताल के बच्चों के आईसीयू में भर्ती है। उसकी देखभाल और मामले में नियमानुसार कार्रवाई को लेकर संबंधित अधिकारी जुटे हुए हैं। पुलिस का कहना है कि जांच और पूछताछ के बाद ही पूरे घटनाक्रम तथा इसमें शामिल लोगों की जिम्मेदारी को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।




















