Gold-Silver Price Today:सोना ₹1,180 सस्ता होकर ₹1.42 लाख पर पहुंचा, चांदी ₹1668 सस्ती; 1 महीने में ₹6 हजार गिरी गोल्ड की कीमत

सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट का सिलसिला सोमवार, 13 जुलाई को भी जारी रहा। कीमती धातुओं के बाजार में कमजोरी के चलते सोने और चांदी दोनों के भाव में कमी दर्ज की गई। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, 10 ग्राम 24 कैरेट सोने की कीमत में ₹1180 की गिरावट आई है जिसके बाद सोना करीब ₹1.42 लाख प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। वहीं चांदी की कीमत में ₹1,668 प्रति किलोग्राम की कमी आई जिसके बाद एक किलो चांदी का भाव घटकर करीब ₹2.19 लाख रह गया।
एक महीने में सोना 6 हजार और चांदी 24 हजार रुपए सस्ती
सोने-चांदी की कीमतों में पिछले एक महीने में बड़ी गिरावट देखने को मिली है। 14 जून को सोने का भाव करीब ₹1.48 लाख प्रति 10 ग्राम था, जो अब घटकर ₹1.42 लाख के आसपास आ गया है। यानी पिछले एक महीने में सोने की कीमत में करीब 6 हजार रुपए प्रति 10 ग्राम की गिरावट दर्ज की गई है। इसी तरह चांदी की कीमत भी काफी नीचे आई है। 14 जून को चांदी का भाव करीब ₹2.43 लाख प्रति किलोग्राम था, जो अब गिरकर ₹2.19 लाख प्रति किलोग्राम रह गया है। इस दौरान चांदी करीब ₹24 हजार सस्ती हुई है।
इस साल रिकॉर्ड स्तर से काफी नीचे आया सोना
साल 2026 में सोने की कीमतों में जबरदस्त उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। 31 दिसंबर 2025 को सोने का भाव करीब ₹1.33 लाख प्रति 10 ग्राम था। इसके बाद 29 जनवरी 2026 को सोना तेजी के साथ बढ़कर ₹1.76 लाख प्रति 10 ग्राम के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया था। हालांकि इसके बाद कीमतों में लगातार गिरावट आई और अब तक सोना अपने उच्चतम स्तर से करीब ₹34 हजार प्रति 10 ग्राम तक नीचे आ चुका है।
चांदी ने भी बनाया था रिकॉर्ड
चांदी की कीमतों में भी इस साल तेज तेजी देखने को मिली थी। 31 दिसंबर 2025 को चांदी करीब 2.30 लाख रुपए प्रति किलोग्राम थी। 29 जनवरी 2026 को चांदी ने जोरदार छलांग लगाते हुए ₹3.86 लाख प्रति किलोग्राम का रिकॉर्ड स्तर छू लिया था। लेकिन इसके बाद बाजार में दबाव बढ़ा और अब तक चांदी अपने रिकॉर्ड स्तर से करीब ₹1.67 लाख प्रति किलोग्राम तक गिर चुकी है।
क्यों गिर रहे हैं सोने-चांदी के दाम?
सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट के पीछे कई ग्लोबल कारण माने जा रहे हैं। डॉलर की मजबूती, अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों का उतार-चढ़ाव और निवेशकों की बदलती रणनीति का असर कीमती धातुओं पर दिखाई दे रहा है। इसके अलावा ऊंचे स्तर पर पहुंचने के बाद निवेशकों की ओर से मुनाफावसूली भी कीमतों में गिरावट की एक वजह मानी जा रही है।
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निवेशकों और खरीदारों की नजर आगे की चाल पर
सोने और चांदी में गिरावट के बाद खरीदारों और निवेशकों की नजर अब आगे की कीमतों पर बनी हुई है। शादी-ब्याह और त्योहारों के सीजन से पहले कीमतों में बदलाव बाजार के लिए अहम माना जा रहा है। विशेषज्ञों के मुताबिक अंतरराष्ट्रीय बाजार की स्थिति, डॉलर की चाल और केंद्रीय बैंकों की नीतियां आने वाले समय में सोने-चांदी की दिशा तय कर सकती हैं।












