इंदौर -इंदौर में सोशल मीडिया से शुरू हुई प्रेम कहानी का अंत खौफनाक बदले में हुआ। फेसबुक पर हुई दोस्ती, फिर सगाई और उसके बाद मनमुटाव… लेकिन जब रिश्ता टूटा तो गुस्से में मां ने ऐसा कदम उठाया जिसने पूरे मामले को क्राइम में बदल दिया। बेटी की शादी नहीं होने की खुन्नस में मां ने लड़के के घर के बाहर खड़ी कार को जलवाने के लिए 15 हजार रुपये की सुपारी दे डाली।
पूरा मामला स्कीम नंबर 54, विजयनगर थाना क्षेत्र का है, जहां 16 मार्च की रात बाइक सवार बदमाश ने कपिल चौहान की कार में आग लगा दी थी। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी को पकड़ा, तो इस आगजनी के पीछे छिपी कहानी ने सभी को चौंका दिया।
फेसबुक से शुरू हुआ रिश्ता, सगाई तक पहुंची बात
जांच में सामने आया कि करीब दो साल पहले युवती और मयंक की दोस्ती फेसबुक के जरिए हुई थी। धीरे-धीरे दोनों एक-दूसरे को पसंद करने लगे और परिवारों की सहमति से यह रिश्ता सगाई तक पहुंच गया। दोनों परिवारों ने तय किया था कि पढ़ाई और करियर सेट होने के बाद शादी कर दी जाएगी।
मनमुटाव ने तोड़ दिया रिश्ता
कुछ समय बाद दोनों के बीच विवाद और नोकझोंक बढ़ने लगी। मामला इतना बिगड़ा कि परिवारों ने बीच-बचाव कर दोनों को अलग करने का फैसला लिया और बातचीत बंद करवा दी।
गिफ्ट बना विवाद की जड़
रिश्ता टूटने के बाद युवती ने मयंक से दिए गए महंगे गिफ्ट वापस मांगने शुरू कर दिए। मयंक आर्थिक रूप से इतना सक्षम नहीं था कि तुरंत रकम लौटा सके। बाद में परिवारों के बीच चर्चा के बाद करीब 85 हजार रुपये के गिफ्ट का हिसाब तय कर पैसे लौटाकर मामला खत्म किया गया।
मां ने रची बदले की साजिश
लेकिन यह समझौता युवती की मां को मंजूर नहीं था। बदले की आग में जल रही मां ने अपने परिचित अजय चौहान को 15 हजार रुपये देकर कार में आग लगाने की साजिश रची। अजय ने बाइक से पहुंचकर कपिल चौहान की कार को आग के हवाले कर दिया।
पुलिस ने खोला राज, आरोपी गिरफ्तार
सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस ने अजय को गिरफ्तार किया, जिसने पूछताछ में पूरी साजिश का खुलासा कर दिया। इसके बाद पुलिस ने महिला को भी हिरासत में ले लिया।
माँ थी इससे नाराज सबक सीखना चाहती थी - थाने की टीम ने निरंजनपुर निवासी अजय चौहान को गिरफ्तार किया। पूछताछ में अजय ने कबूल किया कि उसने यह आगजनी मनीषा अग्रवाल नाम की महिला के कहने पर की थी। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मनीषा को भी हिरासत में ले लिया।
15 हजार में खरीदी गई आग
जांच में सामने आया कि मनीषा ने अजय को 15 हजार रुपये देकर कार में आग लगाने की सुपारी दी थी। अजय उसका परिचित था और पैसों के लालच में उसने इस वारदात को अंजाम दे दिया।