नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के कारण देश में कॉमर्शियल LPG सिलेंडरों की सप्लाई प्रभावित हो गई थी, जिससे कई राज्यों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया था। हालांकि अब स्थिति धीरे-धीरे सामान्य होने लगी है। केंद्र सरकार ने शनिवार को बताया कि देश के 29 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में कॉमर्शियल गैस सिलेंडरों की आपूर्ति फिर से शुरू कर दी गई है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने अंतर-मंत्रालयी ब्रीफिंग के दौरान कहा कि देश में LPG का पर्याप्त भंडार मौजूद है और सप्लाई व्यवस्था को तेजी से बहाल किया जा रहा है।
सरकार ने लोगों से अपील की है कि गैस को लेकर घबराहट में बुकिंग न करें। मंत्रालय के अनुसार बड़ी संख्या में उपभोक्ता पैनिक बुकिंग कर रहे हैं, जिससे वितरण व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है। सुजाता शर्मा ने कहा कि राज्य सरकारों से बातचीत के बाद कॉमर्शियल उपभोक्ताओं को गैस की सप्लाई फिर शुरू कर दी गई है और कई जगहों पर ग्राहकों को सिलेंडर मिलने भी लगे हैं।
मंत्रालय के मुताबिक देश में क्रूड ऑयल की सप्लाई और रिफाइनिंग क्षमता पर्याप्त है। भारत अपनी जरूरत के अनुसार पेट्रोल और डीजल का उत्पादन कर रहा है, इसलिए ईंधन की कमी की कोई स्थिति नहीं है।
गैस की कालाबाजारी को रोकने के लिए तेल कंपनियों और राज्य सरकारों की संयुक्त टीमों द्वारा कई जगहों पर छापेमारी की जा रही है। बताया गया कि 13 मार्च को 1300 से अधिक औचक निरीक्षण किए गए, जबकि उत्तर प्रदेश में लगभग 1400 स्थानों पर जांच की गई और कई मामलों में FIR भी दर्ज हुई है।
सरकार कॉमर्शियल LPG उपभोक्ताओं को पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) की ओर शिफ्ट करने की भी योजना बना रही है। जिन क्षेत्रों में PNG नेटवर्क उपलब्ध है, वहां नए कनेक्शन तेजी से देने की तैयारी की जा रही है ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति से बचा जा सके।