बिहार कैबिनेट का बड़ा फैसला :9 लाख कर्मचारियों का DA बढ़ा, EV नीति 2026 को मिली मंजूरी

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में बुधवार (13 मई 2026) को बिहार कैबिनेट की अहम बैठक हुई। इस बैठक में 18 एजेंडों पर मुहर लगी। सबसे बड़ा फैसला राज्य के करीब 9 लाख कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को राहत देने वाला रहा। सरकार ने महंगाई भत्ते (DA) में बढ़ोतरी का ऐलान किया है।
कर्मचारियों को मिला बड़ा तोहफा
वित्त विभाग की ओर से बताया गया कि राज्य कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 58 प्रतिशत से बढ़ाकर 60 प्रतिशत कर दिया गया है। यह बढ़ा हुआ डीए 1 जनवरी 2026 से लागू माना जाएगा। इसके अलावा पांचवें वेतनमान के अंतर्गत आने वाले कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए भी राहत दी गई है। उनका महंगाई भत्ता 474 प्रतिशत से बढ़ाकर 483 प्रतिशत करने की मंजूरी दी गई है।
5 जिलों में ग्रामीण एसपी के नए पद
गृह विभाग के प्रस्ताव पर सरकार ने पांच जिलों में पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) के नए पद बनाने को मंजूरी दी है। ये जिले हैं-
- पूर्वी चंपारण
- समस्तीपुर
- मधुबनी
- वैशाली
- सीवान
इन जिलों में कुल पांच नए ग्रामीण एसपी पद बनाए जाएंगे।
वैशाली में बनेगा NIFTEM संस्थान
कैबिनेट बैठक में वैशाली जिले में 100 एकड़ जमीन पर राष्ट्रीय खाद्य प्रौद्योगिकी उद्यमिता एवं प्रबंधन संस्थान (NIFTEM) स्थापित करने के लिए भूमि अधिग्रहण को भी मंजूरी दी गई। इससे क्षेत्र में शिक्षा और रोजगार के नए अवसर बढ़ने की उम्मीद है।
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शिक्षा विभाग में बड़ी कार्रवाई
शिक्षा विभाग ने भी सख्त कदम उठाया है। भोजपुर के आरा में तत्कालीन जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (प्रारंभिक शिक्षा एवं सर्व शिक्षा अभियान) रहे मो. इरशाद अंसारी को अनियमितता और गबन के आरोप साबित होने के बाद सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है।
इलेक्ट्रिक वाहन नीति को मंजूरी
कैबिनेट ने बिहार इलेक्ट्रिक वाहन (संशोधन) नीति 2026 को भी मंजूरी दे दी है। सरकार का मानना है कि इससे राज्य में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा मिलेगा और प्रदूषण कम करने में मदद मिलेगी।
हाल ही में बिहार मंत्रिमंडल का विस्तार हुआ था। विस्तार के बाद मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में यह पहली कैबिनेट बैठक थी, जिसमें कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए।











