रिजल्ट से परेशान छात्रों को बड़ी राहत:MP में 5वीं से 8वीं री-एग्जाम, फेल छात्रों को मिला दूसरा मौका

मध्यप्रदेश। कक्षा 5वीं और 8वीं के छात्रों के लिए एक अहम अपडेट। सत्र 2025-26 की मुख्य परीक्षा में जो विद्यार्थी अनुत्तीर्ण हो गए हैं या किसी कारणवश परीक्षा में शामिल नहीं हो पाए थे, उनके लिए पुनः परीक्षा आयोजित की जाएगी। यह परीक्षा 1 जून से 6 जून 2026 के बीच कराई जाएगी। राज्य शिक्षा केंद्र ने इस संबंध में निर्देश जारी कर दिए हैं ताकि परीक्षा व्यवस्था को सुचारु रूप से पूरा किया जा सके। इस पुनः परीक्षा में प्रदेश के सभी शासकीय, मान्यता प्राप्त अशासकीय, अनुदान प्राप्त स्कूलों और पंजीकृत मदरसों के छात्र भाग ले सकेंगे। जिन विद्यार्थियों ने मुख्य परीक्षा में प्रदर्शन अच्छा नहीं किया था या जो परीक्षा देने से चूक गए थे, उन्हें एक और मौका दिया जा रहा है ताकि वे अपनी पढ़ाई जारी रख सकें और अगली कक्षा में प्रवेश प्राप्त कर सकें।
प्रवेश पत्र डाउनलोड करने की प्रक्रिया
पुनः परीक्षा में शामिल होने वाले छात्रों के लिए प्रवेश पत्र राज्य शिक्षा केंद्र के आधिकारिक परीक्षा पोर्टल www.rskmp.in पर उपलब्ध कराए जाएंगे। छात्र अपने स्कूल के माध्यम से या जनशिक्षा केंद्र प्रभारी, बीआरसीसी और डीपीसी के लॉगिन के जरिए भी प्रवेश पत्र डाउनलोड कर सकते हैं। राज्य शिक्षा केंद्र ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि 25 मई 2026 तक हर छात्र तक प्रवेश पत्र पहुंच जाना चाहिए, ताकि किसी भी विद्यार्थी को परीक्षा में शामिल होने में परेशानी न हो।
परीक्षा से पहले स्कूल स्तर पर तैयारी अनिवार्य
संचालक राज्य शिक्षा केंद्र हरजिंदर सिंह ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा से पहले स्कूल स्तर पर छात्रों की अतिरिक्त तैयारी कराई जाए। खासकर उन विषयों पर अधिक ध्यान दिया जाए जिनमें छात्र कमजोर हैं। साथ ही जिन विद्यार्थियों ने प्रोजेक्ट कार्य पूरा नहीं किया है या जिनके प्रोजेक्ट में 7 से कम अंक आए हैं, उनसे प्रोजेक्ट कार्य पूरा करवाकर उसका मूल्यांकन स्कूल स्तर पर किया जाएगा। इसके बाद प्राप्त अंकों को परीक्षा पोर्टल पर दर्ज करना अनिवार्य होगा।
परीक्षा केंद्र केवल जनशिक्षा केंद्र स्तर पर
इस बार कक्षा 5वीं और 8वीं की पुनः परीक्षा के लिए परीक्षा केंद्र केवल जनशिक्षा केंद्र स्तर पर बनाए जाएंगे। यदि किसी परीक्षा केंद्र पर 500 से अधिक विद्यार्थी शामिल होते हैं, तो विशेष अनुमति के बाद अतिरिक्त केंद्र बनाए जा सकेंगे। परीक्षा केंद्रों की मैपिंग 15 मई 2026 तक बीआरसीसी द्वारा पूरी कर ली जाएगी। राज्य शिक्षा केंद्र ने यह भी सुनिश्चित करने को कहा है कि परीक्षा केंद्रों पर सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध हों। इनमें कंप्यूटर, लैपटॉप, प्रिंटर, इंटरनेट, ए-4 पेपर, टोनर और बिजली की सुचारु व्यवस्था शामिल है। प्रश्नपत्रों की प्रिंटिंग भी परीक्षा केंद्र पर ही की जाएगी ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
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परीक्षा संचालन और जिम्मेदारियां तय
परीक्षा के संचालन की जिम्मेदारी जिला परियोजना समन्वयक DPC को दी गई है। वे प्रश्नपत्र डाउनलोड और प्रिंटिंग की प्रक्रिया को नियंत्रित करेंगे। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि सभी परीक्षा केंद्रों पर समय पर प्रश्नपत्र उपलब्ध हों और परीक्षा सुचारु रूप से संपन्न हो। इसके अलावा परीक्षा में शामिल होने वाले छात्रों की उपस्थिति और उन्हें परीक्षा केंद्र तक पहुंचाने की जिम्मेदारी संबंधित स्कूल प्रमुखों और शिक्षकों की होगी। राज्य शिक्षा केंद्र ने इस प्रक्रिया को गंभीरता से लेने के निर्देश दिए हैं ताकि कोई भी छात्र परीक्षा से वंचित न रहे।
उत्तीर्ण होने के लिए जरूरी अंक
परीक्षा में पास होने के लिए प्रत्येक विषय में कम से कम 33% अंक लाना अनिवार्य है। यदि कोई छात्र एक या दो विषयों में असफल होता है, तो उसे कंपार्टमेंट परीक्षा में शामिल होने का अवसर दिया जाएगा। इस विशेष परीक्षा के बाद छात्र अगली कक्षा में प्रवेश ले सकेंगे। कंपार्टमेंट परीक्षा की तारीखें मुख्य परीक्षा परिणाम के बाद घोषित की जाएंगी।
मुख्य परीक्षा का परिणाम और छात्रों का प्रदर्शन
इससे पहले 25 मार्च 2026 को कक्षा 5वीं और 8वीं के मुख्य परीक्षा परिणाम घोषित किए गए थे। इस परीक्षा में प्रदेशभर से लगभग 23 लाख से अधिक छात्र शामिल हुए थे। इनमें कक्षा 5वीं के करीब 12.76 लाख और कक्षा 8वीं के लगभग 10.92 लाख छात्र शामिल थे। इस बार परीक्षा परिणाम में कुल 17 लाख से अधिक छात्र सफल हुए थे। कक्षा 5वीं का 95.14% और कक्षा 8वीं का 93.83 % रहा। छात्राओं का प्रदर्शन छात्रों की तुलना में बेहतर रहा, जहां छात्राओं का 94.98% और छात्रों का 92.74 % दर्ज किया गया।
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