भोपाल की सड़कों पर ट्रैफिक से जूझ रहे लोगों के लिए राहत भरी खबर है। शहर में ट्रैफिक की समस्या को कम करने के लिए जल्द ही बड़ी कार्रवाई होने वाली है। शहर की सड़कों पर जगह-जगह लगे बिजली के खंभे और ट्रांसफार्मर यातायात में बाधा बन रहे हैं। इन्हें हटाने या शिफ्ट करने के लिए सांसद आलोक शर्मा ने ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न तोमर से मुलाकात की और पूरे मामले पर चर्चा की।
इस बैठक में पुलिस कमिश्नर संजय कुमार, SDM प्रकाश नायक, ट्रैफिक पुलिस अधिकारी और बिजली विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। बैठक में शहर के अलग-अलग हिस्सों में लगे करीब 200 बिजली के खंभों और ट्रांसफार्मरों को हटाने या दूसरी जगह लगाने की योजना पर बात हुई।

बिजली विभाग के शहर वृत महाप्रबंधक ने इस काम के लिए करीब 7 करोड़ रुपए का प्रस्ताव तैयार किया है। इस राशि से उन जगहों पर खंभे और ट्रांसफार्मर शिफ्ट किए जाएंगे, जहां वे ट्रैफिक के लिए परेशानी बन रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि जैसे ही प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है, काम शुरू कर दिया जाएगा।
जिन स्थानों पर बिजली के खंभे हटाए या शिफ्ट किए जाने हैं, उनमें कई व्यस्त चौराहे और सड़कें शामिल हैं। इनमें पीर गेट भवानी मंदिर के सामने, वंदे मातरम चौराहा से भोजपुर क्लब और 10 नंबर की ओर जाने वाले रास्ते, बंसल प्लाजा से गणेश मंदिर मार्ग, रोहित नगर, रंगमहल चौराहा, पलाश होटल तिराहा, डिपो चौराहा, जहांगीराबाद क्षेत्र और लालघाटी चौराहा प्रमुख हैं।
इसके अलावा काली मंदिर तिराहा से भारत टॉकीज के बीच का रास्ता, सेंट्रल लाइब्रेरी के पास, संगम तिराहा, नादरा बस स्टैंड से छोला मार्ग, डीआईजी बंगला चौराहा, सिंधी कॉलोनी, बैरसिया रोड और छोला अंडर ब्रिज की ओर जाने वाले मार्गों पर भी काम किया जाएगा।
शहर के मनीषा मार्केट तिराहा, बाबा नगर तिराहा, चंचल चौराहा, काली मंदिर चौराहा, संत जी की कुटिया चौराहा, सिविल अस्पताल बैरागढ़, संत हिरदाराम कॉम्प्लेक्स बैरागढ़ और करोंद चौराहा भी इस योजना में शामिल हैं।
ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न तोमर ने सांसद आलोक शर्मा को भरोसा दिलाया है कि चिन्हित जगहों पर बिजली के खंभों को शिफ्ट करने की प्रक्रिया जल्द शुरू की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को जरूरी कदम उठाने के निर्देश भी दिए हैं, ताकि काम समय पर पूरा हो सके।
सांसद आलोक शर्मा शहर की यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। इस विषय पर वे अब तक कलेक्टर, कमिश्नर और अलग-अलग विभागों के अधिकारियों के साथ कई बैठकें कर चुके हैं। वे खुद भी इन कामों की समीक्षा कर रहे हैं, ताकि काम में देरी न हो।
अधिकारियों का मानना है कि सड़कों के बीच या किनारे खड़े बिजली के खंभे कई बार हादसों की वजह बनते हैं। जब ये खंभे हट जाएंगे, तो सड़कों पर जगह बढ़ेगी और वाहन आसानी से निकल सकेंगे। इससे ट्रैफिक जाम कम होगा और सड़क दुर्घटनाओं में भी कमी आने की उम्मीद है।