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हाईवे पर लावारिस घूम रही छह वर्षीय बालिका को 100 डायल ने दो घंटे में परिजनों से मिलाया

बेटमा में रविवार शाम हाईवे पर अकेली घूम रही छह वर्षीय बालिका को 100 डायल की FRB-57 टीम ने तत्परता दिखाते हुए करीब दो घंटे में उसके परिजनों से मिला दिया। बालिका अपना नाम तो बता रही थी, लेकिन माता-पिता का नाम और पता स्पष्ट नहीं बता पा रही थी। पुलिस ने तलाश कर पहचान की पुष्टि के बाद उसे परिजनों को सौंप दिया।
 हाईवे पर लावारिस घूम रही छह वर्षीय बालिका को 100 डायल ने दो घंटे में परिजनों से मिलाया
बालिका को माता पिता के सुपुर्द करती बेटमा पुलिस।

बेटमा। रविवार शाम हाईवे पर लावारिस हालत में घूम रही करीब छह वर्षीय बालिका को 100 डायल बेटमा की टीम ने तत्परता दिखाते हुए करीब दो घंटे में उसके परिजनों से मिला दिया। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से बालिका सकुशल अपने परिवार तक पहुंच सकी।

सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची FRB-57 टीम

जानकारी के अनुसार, रविवार शाम करीब 5:07 बजे FRB-57 को सूचना मिली कि दी गुर्जर होटल के सामने हाईवे पर एक छोटी बच्ची अकेली घूम रही है। सूचना मिलते ही एफआरबी-57 की टीम तत्काल मौके पर पहुंची। वहां करीब छह वर्षीय बालिका मिली, जिसने अपना नाम नैना बताया। हालांकि, वह अपने माता-पिता का नाम और पता स्पष्ट रूप से नहीं बता पा रही थी।

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पहचान की पुष्टि के बाद परिजनों को सौंपा 

स्थिति को देखते हुए पुलिस टीम ने बालिका को सुरक्षित अपने संरक्षण में लिया और उसके परिजनों की तलाश शुरू की। टीम ने आसपास के क्षेत्र में जानकारी जुटाई और बालिका के परिजनों का पता लगाने के प्रयास किए। करीब दो घंटे की लगातार मशक्कत के बाद पुलिस टीम उसके परिजनों तक पहुंचने में सफल रही।

घाटा बिल्लोद की रहने वाली है बालिका

बालिका की पहचान नैना पिता इंदर सिंह, उम्र छह वर्ष, निवासी साईं धाम कॉलोनी, घाटा बिल्लोद के रूप में हुई। आवश्यक पुष्टि के बाद पुलिस ने बालिका को सकुशल उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया। बालिका के सुरक्षित मिलने पर परिजनों ने राहत की सांस ली और पुलिस टीम का आभार जताया। इस कार्रवाई में प्रधान आरक्षक दीपेंद्र जाट, पायलट पूरन यादव और उज्जवल शर्मा की महत्वपूर्ण भूमिका रही। 

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Rahul Devda
By Rahul Devda

मेरा धर्म सत्ता नहीं, सत्य लिखना है, मेरी जिम्मेदारी जनता के दर्द को आवाज़ देना है ।। 🖋️

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