Amazon Aryabhata Adv:अमेजन की बढ़ीं मुश्किलें, आर्यभट्ट को ‘जीरो डिलीवरी चार्ज’ से जोड़ने पर भड़के लोग, क्या है मामला?

ऑनलाइन शॉपिंग कंपनी अमेजन इंडिया एक नए विवाद में घिर गई है। कंपनी के एक विज्ञापन में भारत के महान गणितज्ञ और खगोलशास्त्री आर्यभट्ट को एक तरह से ‘डिलीवरी बॉय’ के रूप में दिखाया गया है। इस विज्ञापन को लेकर कई हिंदू संगठनों, इतिहास प्रेमियों और राष्ट्रप्रेमी नागरिकों ने कड़ी आपत्ति जताई है।
लोगों का कहना है कि जिस महान वैज्ञानिक ने दुनिया को ‘शून्य’ (Zero) का ज्ञान दिया, उन्हें केवल व्यावसायिक लाभ के लिए मजाकिया अंदाज में पेश करना भारत की संस्कृति, इतिहास और वैज्ञानिक विरासत का अपमान है।
क्या है पूरा मामला?
यह विवाद अमेजन इंडिया के ‘अमेजन नाउ’ (Amazon Now) से जुड़ा हुआ है। इस विज्ञापन में एक व्यक्ति को आर्यभट्ट की वेशभूषा में दिखाया गया है। विज्ञापन में उसे ‘जीरो डिलीवरी चार्ज खोजने वाला वैज्ञानिक’ बताया गया है। कंपनी ने ‘शून्य’ की अवधारणा को अपने ‘Zero Additional Delivery Fees’ ऑफर से जोड़कर प्रचार करने की कोशिश की। लेकिन कई लोगों को यह प्रस्तुति पसंद नहीं आई। उनका कहना है कि विज्ञापन में आर्यभट्ट को हास्य और व्यंग्य के माध्यम से दिखाया गया, जिससे उनकी गरिमा कम हुई है।
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हिंदू संगठनों ने जताई नाराजगी
कई हिंदू संगठनों ने इस विज्ञापन पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उनका आरोप है कि अमेज़न ने भारत के एक महान वैज्ञानिक और विद्वान का अपमान किया है। संगठनों का कहना है कि आर्यभट्ट केवल एक वैज्ञानिक नहीं थे, बल्कि भारत की ज्ञान परंपरा के प्रतीक हैं। ऐसे महापुरुषों को विज्ञापन का साधन बनाकर उनका मजाक उड़ाना स्वीकार नहीं किया जा सकता।
अमेजन को भेजा गया कानूनी नोटिस
इस मामले में सर्वोच्च न्यायालय में कार्यरत अधिवक्ता अमिता सचदेवा ने अमेजन को कानूनी नोटिस भेजा है। नोटिस में कंपनी को 48 घंटे के भीतर सार्वजनिक माफी मांगने और विवादित विज्ञापन को हटाने की मांग की गई है। नोटिस में कहा गया है कि यदि निर्धारित समय के भीतर कार्रवाई नहीं की गई तो कंपनी के खिलाफ दीवानी और फौजदारी मुकदमा दायर किया जाएगा।
सोशल मीडिया पर बढ़ा विरोध
विज्ञापन सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों का गुस्सा देखने को मिला। बड़ी संख्या में लोगों ने अमेज़न की आलोचना की और कंपनी से माफी मांगने की मांग की।
इसी दौरान #Boycott_Amazon हैशटैग भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर ट्रेंड करने लगा। कई यूजर्स ने लिखा कि व्यापारिक लाभ के लिए भारत के महान वैज्ञानिकों और महापुरुषों का उपयोग इस तरह नहीं किया जाना चाहिए।
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आर्यभट्ट का भारत के लिए क्या महत्व है?
आर्यभट्ट भारत के सबसे प्रसिद्ध गणितज्ञों और खगोलशास्त्रियों में से एक माने जाते हैं। उन्होंने गणित और खगोल विज्ञान के क्षेत्र में अनेक महत्वपूर्ण खोजें की थीं।
सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि ‘शून्य’ की अवधारणा को दुनिया तक पहुंचाने में उनका महत्वपूर्ण योगदान माना जाता है। उनकी खोजों ने विज्ञान और गणित के विकास में बड़ा योगदान दिया। आज भी दुनिया भर में उनके कार्यों का सम्मान किया जाता है।
पहले भी विवादों में रह चुकी है अमेजन
हिंदू संगठनों का कहना है कि यह पहली बार नहीं है जब अमेजन पर भारतीय संस्कृति और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप लगे हैं। इससे पहले कंपनी के प्लेटफॉर्म पर भगवान गणेश और माता लक्ष्मी की तस्वीरों वाले पायदान और टॉयलेट सीट कवर बिकने को लेकर भी विवाद हुआ था। उस समय देशभर में विरोध के बाद कंपनी को माफी मांगनी पड़ी थी।
कानूनी कार्रवाई की चेतावनी
कानूनी नोटिस में कहा गया है कि यदि किसी धार्मिक, सांस्कृतिक या राष्ट्रीय प्रतीक का अपमान किया जाता है तो उसके खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई की जा सकती है। नोटिस में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं का उल्लेख करते हुए कहा गया है कि यह मामला धार्मिक भावनाएं आहत करने और सामाजिक वैमनस्य फैलाने से जुड़ा हो सकता है। हालांकि इन कानूनी दावों पर अंतिम निर्णय अदालत और संबंधित जांच एजेंसियों द्वारा ही लिया जाएगा।
अमेजन से क्या मांग की गई है?
हिंदू जनजागृति समिति ने अमेजन के सामने कई मांगें रखी हैं। इनमें प्रमुख रूप से-
- विवादित विज्ञापन को तुरंत सभी प्लेटफॉर्म से हटाया जाए।
- कंपनी भारतीय जनता से सार्वजनिक रूप से माफी मांगे।
- सोशल मीडिया, वेबसाइट और प्रमुख समाचार पत्रों में माफीनामा प्रकाशित किया जाए।
- भविष्य में भारतीय महापुरुषों और राष्ट्रीय प्रतीकों का अपमान न करने का लिखित आश्वासन दिया जाए।











