Download App
Download on the App StoreGet it on Google Play
Breaking News

भड़काऊ पर्चे बांटकर तालिबानी संदेश पहुंचा रहा था अल्तमश, निकाह से पहले पकड़ा

पाकिस्तानी और तालिबानियों ने अल्तमश का ब्रेनवॉश कर दिया था, इसके बाद सोच बदली
इंदौर। शहर में दंगा भड़काने की साजिश के आरोप में पकड़े गए अल्तमश खान को लेकर पुलिस नए-नए खुलासे कर रही है। उसके मोबाइल का डेटा रिकवर हो गया है। इसमें कुछ विदेशी नंबर और धार्मिक भावनाओं को भड़काने वाले मैसेज मिले हैं। पुलिस का दावा है कि अल्तमश भड़काऊ पर्चे बांट कर तालिबानी संस्कृति का प्रचार कर रहा था। 20 अगस्त को भी उसने रानीपुरा, दौलतगंज और खजराना क्षेत्र में जावेद, मोहम्मद इमरान के साथ पर्चे बंटवाए थे। इसके बाद 22 अगस्त को चूड़ी वाले के साथ मारपीट मामले में साथियों के साथ सेंट्रल कोतवाली का घेराव करने पहुंचा था। इंदौर के आईजी हरिनारायणाचारी मिश्र के मुताबिक, इशाक कॉलोनी खजराना निवासी अल्तमश पुत्र अबरार खान से पूछताछ के लिए एएसपी (पूर्वी) राजेश रघुवंशी के नेतृत्व में टीम गठित की गई। जांच में पता चला कि अल्तमश तालिबानी विचारधारा का समर्थक बन चुका था। वह खुद इसका प्रचार करने में जुटा था। खासकर महिलाओं पर कई तरह के प्रतिबंध लगाने की बातें करता था। इन पर्चेां में महिलाओं को टीवी नहीं देखना, मोबाइल ना चलाना और बुर्के में रहने जैसी बातों पर जोर दिया गया है।

निकाह करने वाला था अल्तमश

फिलहाल, आईबी और एटीएस भी मामले में साक्ष्य जुटा रही हैं। कुछ दिन बाद अल्तमश का निकाह था, उससे पहले ही वह पुलिस की गिरफ्त में आ गया। गुरुवार को अल्तमश, सैयद और जावेद को पुलिस ने जिला कोर्ट में पेश किया जाएगा। एक अन्य आरोपी इरफान को जेल भेज दिया गया।

लव जिहाद के समर्थन में युवा तैयार कर रहा था

पुलिस ने बताया कि अल्तमश लव जिहाद की खिलाफत करने वाले संगठनों के विरोध की तैयारी में था। उसके लिए मुस्लिम लड़कों की खोज कर रहा था। इस संबंध में उसने एक ट्रेनिंग भी ली थी। आरोपी का भीम आर्मी के सदस्यों से भी संपर्क था, जो हिंदू संगठनों के विरोध में तैयार कर रहा था। सूत्रों के मुताबिक, सोशल मीडिया के जरिए वह पाकिस्तान के संपर्क में भी रहता था।
देश के कानून पर भरोसा नहीं करता था अल्तमश?
पाकिस्तानी और तालिबानियों ने अल्तमश का ब्रेनवॉश कर दिया था। भड़काऊ भाषण, संदेशों के जरिए यह मन में अच्छे से बैठा दिया था कि हिंदूस्तान में मुस्लिम सुरक्षित नहीं हैं। अल्तमश भारत के कानून पर भी भरोसा नहीं करता था। तालिबानी सजा और फैसलों का समर्थन कर उन वॉट्सएप ग्रुप पर शेयर करता था, जिनसे वह जुड़ा था।
गृह मंत्री भी अल्तमश के पाकिस्तान से जुड़ा होने का दावा कर चुके
गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने हाल ही में कहा था कि थाने का घेराव और भड़काऊ भाषण देने के आरोप में गिरफ्तार हुए चार आरोपियों में से एक का कनेक्शन पाकिस्तान से है। इस बात के पर्याप्त सबूत भी मिले हैं। गृह मंत्री ने दावा किया कि जिस अल्तमश खान का पाकिस्तान कनेक्शन सामने आया है, वह असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी से भी जुड़ा है।
Piyush Singh Rajput
By Piyush Singh Rajput

Latest Posts