अभिजीत दीपके बोले- हम आतंकवादी नहीं!देशभक्ति के लिए किसी सर्टिफिकेट की जरूरत नहीं, किस बात पर फूटा CJP का गुस्सा?

नई दिल्ली। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के उस बयान पर तीखी प्रतिक्रिया दी है, जिसमें उन्होंने आंदोलन से जुड़े लोगों को दहशतगर्दों की बी टीम बताया था। देशभर में चल रहे धरना-प्रदर्शनों के बीच दीपके ने कहा कि छात्रों के लिए न्याय की मांग करने वालों को आतंकवादी कहना युवाओं का अपमान है।
सर हम आतंकवादी नहीं है- अभिजीत
प्रदर्शन के दौरान दीपके ने कहा, शिक्षा मंत्री देश के युवाओं को आतंकवादी कह रहे हैं। सर, हम आतंकवादी नहीं हैं। हमें आप जैसे लोगों से देशभक्ति के सर्टिफिकेट की जरूरत नहीं है। उनके इस बयान का वीडियो और पोस्ट सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जिसके बाद शिक्षा व्यवस्था सुधारने के लिए शुरू हुआ प्रदर्शन अब नए विवादों से जुड़ता नजर आ रहा है।
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X पोस्ट में साधा निशाना
दीपके ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर भी शिक्षा मंत्री पर हमला बोला। उन्होंने लिखा, धर्मेंद्र प्रधान हमें आतंकवादी कहते हैं। विडंबना यह है कि उनके हाथ 17 से ज्यादा छात्रों के खून से रंगे हैं। इस पोस्ट के बाद समर्थकों और विरोधियों के बीच सोशल मीडिया पर बहस तेज हो गई।
क्या बोले थे शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने मंगलवार को एक इंटरव्यू में कहा था कि लोकतंत्र द्वारा खारिज किए गए कुछ लोग अब नए भेष में सामने आकर व्यवस्था को निशाना बना रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसे लोग उन ताकतों के पक्ष में नारे लगाते हैं जो देश को बांटना चाहती हैं।
प्रधान ने यह भी कहा कि कुछ कोचिंग संस्थान और शिक्षा माफिया जानबूझकर शिक्षा व्यवस्था को पटरी से उतारने की कोशिश कर रहे हैं। सरकार ऐसे तत्वों पर नजर रख रही है और छात्रों के भविष्य की सुरक्षा के लिए सख्त कदम उठाए जाएंगे।
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15 दिनों में 8 शहरों तक पहुंचा आंदोलन
CJP ने पिछले 15 दिनों में देश के आठ प्रमुख शहरों में प्रदर्शन और विरोध कार्यक्रम आयोजित किए हैं। दिल्ली, पुणे, बेंगलुरु, हैदराबाद, जयपुर, और लखनऊ समेत कई शहरों में छात्रों और युवाओं ने रैलियां निकालीं। संगठन की मांग है कि छात्रों की आत्महत्या और शिक्षा संबंधी मुद्दों पर जवाबदेही तय की जाए।
कैसे बनी CJP?
CJP की शुरुआत 16 मई को हुई थी। इससे एक दिन पहले सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस सूर्यकांत की एक टिप्पणी चर्चा में आई थी, जिसमें उन्होंने कुछ बेरोजगार युवाओं की तुलना कॉकरोच से की थी। इसके बाद अमेरिका में रहने वाले अभिजीत दीपके ने सोशल मीडिया के जरिए CJP नाम से अभियान शुरू किया।
22 मई को उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर एक ऑनलाइन याचिका भी शुरू की, जिसे लाखों लोगों का समर्थन मिलने का दावा किया गया। सोशल मीडिया पर भी CJP ने तेजी से लोकप्रियता हासिल की है और संगठन लगातार अपने आंदोलन का विस्तार कर रहा है।











