UP में कुदरत का कहर!आंधी-बारिश और बिजली से 85 से ज्यादा लोगों की मौत, CM योगी ने दिए मुआवजे के निर्देश

उत्तर प्रदेश में बुधवार को आए तेज तूफान, धूल भरी आंधी, भारी बारिश और आकाशीय बिजली ने कई जिलों में भारी तबाही मचा दी। इस बेमौसम मौसम ने लोगों की जिंदगी को पूरी तरह प्रभावित कर दिया। कई जिलों में पेड़ गिर गए, बिजली के खंभे टूट गए, घरों की छतें उड़ गईं और खेतों में खड़ी फसलें बर्बाद हो गईं। सबसे दुखद बात यह रही कि इस प्राकृतिक आपदा में 85 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोग घायल हुए हैं।
स्थिति को गंभीर देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तुरंत अधिकारियों को राहत और बचाव कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि प्रभावित लोगों तक हर मदद 24 घंटे के अंदर पहुंचनी चाहिए और किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कई जिलों में तबाही का मंजर
बुधवार शाम अचानक मौसम बदल गया। तेज हवाओं के साथ धूल भरी आंधी चली और कई जिलों में भारी बारिश शुरू हो गई। कई जगहों पर आकाशीय बिजली गिरने की घटनाएं भी सामने आईं। प्रयागराज, प्रतापगढ़, भदोही, फतेहपुर, उन्नाव, कानपुर देहात, चंदौली, सोनभद्र और बदायूं जैसे जिलों में सबसे ज्यादा नुकसान देखने को मिला।
लोगों के मुताबिक तूफान इतना तेज था कि कई जगहों पर टीन शेड उड़ गए और पेड़ जड़ से उखड़कर सड़कों पर गिर पड़े। कई गांवों में बिजली आपूर्ति घंटों तक बंद रही। बारिश और तेज हवा के कारण जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया।
प्रयागराज और भदोही में सबसे ज्यादा मौतें
इस हादसे में सबसे ज्यादा नुकसान प्रयागराज और भदोही जिले में हुआ। सरकारी आंकड़ों के अनुसार अकेले प्रयागराज में 16 लोगों की मौत हुई है। वहीं भदोही जिले में भी 16 लोगों की जान चली गई। इसके अलावा फतेहपुर में 9, बदायूं में 5, उन्नाव में 4, कानपुर देहात में 3, चंदौली में 2 और सोनभद्र में 1 व्यक्ति की मौत की खबर सामने आई है। कई लोग घायल भी हुए हैं, जिनका इलाज अलग-अलग अस्पतालों में चल रहा है।
खेतों और घरों को भारी नुकसान
इस तूफान और बारिश का असर किसानों पर भी भारी पड़ा है। कई जिलों में गेहूं और दूसरी फसलें खराब हो गईं। तेज हवा और बारिश के कारण खेतों में पानी भर गया। ग्रामीण इलाकों में कच्चे मकान गिरने की भी खबरें हैं। कई परिवारों का घरेलू सामान खराब हो गया। बिजली गिरने से पशुओं की मौत की घटनाएं भी सामने आई हैं।
मुख्यमंत्री योगी ने लिया संज्ञान
मुख्यमंत्री योगी ने पूरे मामले का संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को तुरंत राहत कार्य शुरू करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने मृतकों के परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की और कहा कि सरकार हर पीड़ित परिवार के साथ खड़ी है। मुख्यमंत्री ने सभी जिलाधिकारियों, राजस्व विभाग, कृषि विभाग और आपदा प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों को प्रभावित इलाकों का दौरा करने और नुकसान का आंकलन करने के निर्देश दिए हैं।
24 घंटे में राहत पहुंचाने का आदेश
मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि पीड़ितों तक राहत पहुंचाने का काम 24 घंटे के अंदर पूरा किया जाए। CM योगी ने कहा कि जिन परिवारों ने अपने लोगों को खोया है, उन्हें तुरंत आर्थिक सहायता दी जाए। साथ ही घायल लोगों का बेहतर इलाज सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि राहत कार्य में किसी तरह की देरी नहीं होनी चाहिए।
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अधिकारियों को अलर्ट रहने के निर्देश
मुख्यमंत्री ने प्रशासन को पूरी तरह अलर्ट मोड पर रहने को कहा है। उन्होंने राजस्व विभाग और कृषि विभाग को फसल नुकसान का सर्वे करने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा बीमा कंपनियों को भी नुकसान का सही आंकलन करने के लिए कहा गया है ताकि किसानों को जल्द मुआवजा मिल सके।
मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
मौसम विभाग ने गुरुवार के लिए भी कई जिलों में खराब मौसम की चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार आने वाले घंटों में तेज आंधी, बारिश और बिजली गिरने की संभावना बनी हुई है। लोगों को सलाह दी गई है कि खराब मौसम के दौरान खुले मैदान, पेड़ों और बिजली के खंभों के पास खड़े न हों। जरूरत न हो तो घर से बाहर निकलने से बचें और सुरक्षित स्थानों पर रहें।
राहत और बचाव कार्य जारी
कई जिलों में प्रशासन की टीमें राहत और बचाव कार्य में जुटी हुई हैं। जहां पेड़ गिरे हैं वहां रास्ते साफ किए जा रहे हैं। बिजली विभाग की टीमें टूटे तार और खंभों को ठीक करने में लगी हैं। अस्पतालों में घायल लोगों का इलाज जारी है। प्रशासन लगातार प्रभावित परिवारों से संपर्क कर रहा है और उन्हें जरूरी मदद उपलब्ध कराई जा रही है।
सरकार जल्द जारी कर सकती है मुआवजा
राज्य सरकार ने अभी तक पूरे प्रदेश का एक साथ आधिकारिक आंकड़ा जारी नहीं किया है। अधिकारियों का कहना है कि अलग-अलग जिलों से जानकारी जुटाई जा रही है। सरकार का कहना है कि नुकसान का पूरा आंकलन होने के बाद मुआवजे की औपचारिक घोषणा की जाएगी। हालांकि मुख्यमंत्री पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि किसी भी पीड़ित परिवार को मदद के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
लोगों से सावधानी बरतने की अपील
प्रशासन और मौसम विभाग ने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। लोगों को खराब मौसम के दौरान घरों में रहने, मोबाइल और बिजली के उपकरणों का सावधानी से इस्तेमाल करने और सुरक्षित जगहों पर रहने की सलाह दी गई है।











