सागर। सागर जिले में 3 दिन पहले कार में आग लगने से चिकित्सक की पत्नी की जिंदा जलने से हुई मौत के मामले में रोंगटे खड़े कर देने वाला खुलासा पुलिस ने किया है। इसमें डॉक्टर पति ने पहले पत्नी का गला घोटा उसके बाद कार में पटककर पेट्रोल डाल कर जिंदा ही जला दिया। इसके पीछे पति-पत्नी और वो का चक्कर सामने आया है।
गला घोटने के बाद अचेत बीबी को कार में जाकर जलाया
यह पूरा मामला गढ़ाकोटा में रहने वाले चिकित्सक दंपत्ति से जुड़ा है। घटना सानौधा थाना अंतर्गत चनाटोरिया के नजदीक की है, जिसमें गढ़ाकोटा निवासी डॉ. नीलेश कुर्मी का 20 मार्च को देर रात घर आने के चलते पत्नी सीमा से विवाद हुआ। विवाद इतना बढ़ा कि डाक्टर पति ने गुस्से में आकर पत्नी का गला घोट दिया। जब पत्नी के शरीर में हलचल होते नहीं दिखी, तब वह कुछ समय के लिए घबरा गया। ऐसे में फिर पत्नी को ठिकाने लगाने की तरकीब बनाते हुए आरोपी डाक्टर ने उनके मकान में किराए से रहने वाले 2 युवकों को अपने झांसे में लिया। इसके बाद कार में पीछे की सीट पर पत्नी सीमा को बैठाया। कार गढ़ाकोटा से जैसे ही चनाटोरिया पहुंची, वहां आरोपी ने अचेत पत्नी के ऊपर पेट्रोल डाला फिर आग लगा दी। धीरे धीरे कार और उसमें बैठी पत्नी जिंदा ही जल गई। इसके पूर्व ही डॉक्टर पति और उसके साथ आए रामकृष्ण कुर्मी और शुभम कुर्मी वहां से बाहर निकल आए।
डॉक्टर पति ने पत्नी को हार्ट अटैक आने की
इस वारदात के पूर्व चिकित्सक ने पत्नी के परिजनों को बताया कि उसे अटैक आया है, जिसे इलाज के लिए सागर के निजी अस्पताल ले जा रहे हैं। वहीं घर में मौजूद उसकी बेटी को बताया कि उसकी मां की तबीयत ठीक नहीं है। दरवाजा बंद कर लेना डाक्टर के पास लेकर जा रहे हैं। हालांकि उस बेटी को क्या पता था कि उसकी मां को उसका ही बाप दरिंदगी के साथ मौत देने वाला है।

गढ़ाकोटा की युवती के साथ संबंधों से बढ़ी थी तकरार
पुलिस पूछताछ के दौरान यह सामने आया कि आरोपी डॉ. नीलेश कुर्मी गढ़ाकोटा क्षेत्र के एक गांव में रहने वाली युवती के प्रेम जाल में फंसा था। वह अक्सर उसके क्लीनिक में आती रहती थी। फिर धीरे धीरे जान पहचान के बाद वह फोन पर बात करने लगे। इसकी भनक जब डाक्टर की पत्नी को लगी तो दोनों के बीच विवाद होने लगा। यहां तक कहा जा रहा है कि पत्नी सीमा ने पति की फोटो युवती के साथ देख लिए थे। नतीजे में विवाद बढ़ता गया। इसका अंजाम यह हुआ कि पति ने पत्नी की निर्दयता से जान ले ली। चिकित्सक दंपत्ति के 2 बेटा और 1 बेटी है। बड़ा बेटा हॉस्टल में रह कर पढ़ाई कर रहा है।
पत्नी के अचेत होने पर मृत मान कर जिंदा जलाने ले गया
अपराधी कितने भी बड़े हो लेकिन कानून के हाथ से नहीं निकल पाते। अगर डाक्टर यह बात गांठ बांध लेता तो आज उसकी पत्नी सुरक्षित होती। लेकिन डाक्टर ने साक्ष्यों को मिटाने जो रचना रची उसके जाल में वह आखिरकार फंस गया। अभी मृतका की पीएम रिपोर्ट पुलिस को नहीं मिली है। ऐसे में आरोपी पति को शंका हो गई थी कि गला दबाने से पत्नी की मौत हो गई है। अगर उसे अस्पताल लेकर जाता तो फंस सकता था। साक्ष्यों को मिटाने उसने चलती कार में आग लगने की कहानी रची। लेकिन वह पुलिस की नजरों से नहीं बच पाया। पुलिस की पूछताछ में सब राज खोल दिया।
दो-दो लाख का लालच देकर किराएदारो को जुर्म में शरीक किया
पुलिस की पूछताछ में यह भी पता चला कि आरोपी चिकित्सक पहले बीएसएफ की ट्रेनिंग ले चुका है, लेकिन नौकरी पर नहीं गया। फिर पढ़ाई कर डॉक्टर बन गया।
आरोपी डॉक्टर ने अपने दोनों सहयोगियों को इस अपराध में शामिल करने प्रत्येक को 2-2 लाख रुपए का लालच दिया था। तीनों के बीच पूर्व से घनिष्ठ संबंध थे। पैसों के लालच में वह दोनों फंस गए। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त पेट्रोल भरकर लाई गई कुप्पी, माचिस घटनास्थल के समीप झाड़ियों से जप्त किया है।
आरोपी पति सहित अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया
कार में आग लगने से महिला की मौत के मामले में साक्ष्यों के आधार पर मृतका के डॉक्टर पति और उसके दो साथियों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपी पति ने ही पेट्रोल डालकर आग में पत्नी को जलाया था। पति के अवैध संबंधों को लेकर दोनों के बीच विवाद होता था। वारदात की रात भी विवाद हुआ था। विवाद में आरोपी ने पत्नी सीमा का गला दबाया था, जिससे वह अचेत हो गई थी। अचेत अवस्था में ही कार में लेकर आया और पेट्रोल डालकर आग लगा दी। मामले में अभी पीएम रिपोर्ट आना शेष है। वहीं आरोपियों से अभी पूछताछ जारी है।
-लोकेश सिन्हा, एडीशनल एसपी, सागर