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Rupee Hits Record Low:14 साल की सबसे बड़ी गिरावट, 95.58 पर पहुंचा रुपया; महंगे होंगे इम्पोर्टेड सामान

भारतीय रुपए में आज यानी 30 मार्च को बड़ी गिरावट दर्ज की गई। अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 88 पैसे टूटकर 95.58 के स्तर पर पहुंच गया।
14 साल की सबसे बड़ी गिरावट, 95.58 पर पहुंचा रुपया; महंगे होंगे इम्पोर्टेड सामान
AI Generated Image
AI जनरेटेड सारांश
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    भारतीय रुपए में आज यानी 30 मार्च को बड़ी गिरावट दर्ज की गई। अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 88 पैसे टूटकर 95.58 के स्तर पर पहुंच गया। यह हाल के समय की सबसे तेज गिरावट मानी जा रही है। लगातार तीसरे दिन रुपए में कमजोरी देखने को मिल रही है जिसकी मुख्य वजह अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच बढ़ता तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल है।

    एक महीने में 4% और सालभर में 10% से ज्यादा गिरा रुपया

    पिछले एक महीने में रुपया करीब 4% कमजोर हुआ है, जबकि वित्तीय वर्ष 2025-26 में अब तक इसमें 10% से ज्यादा गिरावट आ चुकी है। यह पिछले 14 सालों की सबसे बड़ी गिरावट मानी जा रही है। विदेशी ब्रोकरेज फर्म के मुताबिक, अगर मध्य-पूर्व में तनाव जारी रहा तो रुपया 98 प्रति डॉलर तक भी जा सकता है।

    महंगाई बढ़ेगी, आम आदमी पर सीधा असर

    रुपए की कमजोरी का सीधा असर आम लोगों की जेब पर पड़ेगा। विदेशों से आने वाले सामान जैसे मोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स, सोना-चांदी और पेट्रोल-डीजल महंगे हो सकते हैं। इससे महंगाई बढ़ने की आशंका है, जिसका असर रोजमर्रा के खर्च पर भी दिखेगा।

    ये भी पढ़ें: Share Market Today: भारी गिरावट के बाद बाजार बंद, सेंसेक्स 1636 अंक टूटा; निफ्टी 488 अंक गिरकर 22331 पर बंद, बैंकिंग और ऑटो सेक्टर में बिकवाली

    RBI की कोशिशें बेअसर साबित होती दिखीं

    रुपए को संभालने के लिए रिजर्व बैंक ने बैंकों की फॉरेक्स पोजीशन लिमिट को सख्त किया, लेकिन विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली के कारण इसका असर ज्यादा समय तक नहीं टिक पाया। बाजार में अस्थिरता बनी हुई है और निवेशकों की चिंता अभी भी बरकरार है।

    कच्चे तेल की कीमतें भी बढ़ीं

    इस बीच कच्चे तेल की कीमतें भी तेजी से बढ़ रही हैं। तेल की कीमतों में उछाल का सीधा असर भारत जैसे आयात-निर्भर देश पर पड़ता है, जिससे रुपए पर और दबाव बनता है। यही कारण है कि मौजूदा वैश्विक हालात में रुपए की स्थिति कमजोर बनी हुई है।

    Sumit  Shrivastava
    By Sumit Shrivastava

    सुमित श्रीवास्तव एक अनुभवी मीडिया प्रोफेशनल, बिजनेस पत्रकार और शोधकर्ता हैं। मास कम्युनिकेशन में M.P...Read More

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