ऋषिकेश में मौत बनकर झूली ट्रेन की बोगी!पटरी से उतरी उज्जैनी एक्सप्रेस की 3 बोगियां, 20 फुट तक हवा में लटकी; देखें VIDEO

ऋषिकेश। उत्तराखंड के ऋषिकेश में सोमवार रात एक बड़ा रेल हादसा होते-होते टल गया। योगनगरी रेलवे स्टेशन के पास शंटिंग के दौरान उज्जैनी एक्सप्रेस की तीन बोगियां पटरी से उतर गईं। हादसा इतना जोरदार था कि एक बोगी ट्रैक से पूरी तरह बाहर निकल गई, जबकि दूसरी बीच से मुड़ गई। कुछ वीडियो में एक कोच करीब 20 फुट तक हवा में लटका दिखाई दिया।
राहत की बात यह रही कि हादसे के समय ट्रेन पूरी तरह खाली थी। ट्रेन को अगले दिन सुबह रवाना किया जाना था और इसी वजह से उसे मेंटेनेंस यार्ड की ओर ले जाया जा रहा था। अगर उस समय यात्री मौजूद होते तो बड़ा नुकसान हो सकता था।
कैसे हुआ हादसा?
जानकारी के मुताबिक, उज्जैनी एक्सप्रेस सोमवार शाम करीब 6 बजे योगनगरी रेलवे स्टेशन पहुंची थी। ट्रेन को मंगलवार सुबह करीब 6:15 बजे वापसी के लिए रवाना होना था। इसी कारण रात करीब 9:42 बजे ट्रेन को प्लेटफॉर्म से खांड गांव स्थित शंटिंग लाइन और वॉशिंग लाइन की ओर ले जाया जा रहा था।
जानकारी के अनुसार, शंटिंग लाइन के आखिरी छोर पर लगे बफर स्टॉप (डेड एंड) से इंजन तेज रफ्तार में जाकर टकरा गया। टक्कर इतनी तेज थी कि पूरी ट्रेन अचानक झटके के साथ रुक गई और डिब्बों पर भारी दबाव पड़ गया। इसी दबाव के चलते तीन बोगियां पटरी से उतर गईं। एक बोगी पूरी तरह ट्रैक से बाहर निकल गई, जबकि दूसरी बीच से मुड़ गई। हादसे में ट्रेन के तीन कोच बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुए हैं।
तेज धमाका सुन घरों से बाहर आए लोग
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हादसे के दौरान जोरदार धमाके जैसी आवाज सुनाई दी। आवाज इतनी तेज थी कि आसपास के मकानों और दुकानों में मौजूद लोग घबराकर बाहर निकल आए। घटनास्थल के पास रिहायशी इलाका होने के कारण कुछ ही देर में वहां भारी भीड़ जमा हो गई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि, डिब्बों को जोरदार झटका लगा और कुछ हिस्से पास की दीवार और खंभों से भी टकराए। हादसे के बाद रेलवे ट्रैक के आसपास अफरातफरी का माहौल बन गया। बाद में रेलवे कर्मचारियों, जीआरपी और पुलिस ने मौके पर पहुंचकर लोगों को वहां से हटाया।
सोशल मीडिया पर वायरल हुए हादसे के वीडियो
हादसे के बाद मौके के कई वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही हैं। वीडियो में ट्रेन की क्षतिग्रस्त बोगियां और ट्रैक से बाहर निकला कोच साफ दिखाई दे रहा है। कुछ तस्वीरों में एक कोच हवा में झूलता भी नजर आया। इन वीडियो के सामने आने के बाद रेलवे सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
हादसे के वक्त ट्रेन में कौन था?
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक हादसे के समय ट्रेन में कोई यात्री मौजूद नहीं था। ट्रेन खाली थी और केवल लोको पायलट शंटिंग प्रक्रिया के दौरान ट्रेन में मौजूद था। इसी वजह से किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। मुरादाबाद रेल मंडल के सीनियर डीसीएम महेश यादव ने बताया कि, कुछ कोच यार्ड में शंटिंग के लिए ले जाए जा रहे थे, तभी वे बेपटरी हो गए। तकनीकी कारणों की जांच की जा रही है। वहीं ऋषिकेश कोतवाली प्रभारी कैलाश चंद्र भट्ट ने कहा कि, हादसे में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है और मुख्य रेल मार्ग पर ट्रेनों का संचालन सामान्य बना हुआ है।
ब्रेक फेल या मानवीय लापरवाही?
हादसे के बाद कई सवाल खड़े हो गए हैं। शुरुआती जानकारी में तकनीकी खराबी, ज्यादा फोर्स या लोको पायलट की लापरवाही जैसी आशंकाएं सामने आई हैं। कुछ रिपोर्ट्स में ब्रेक फेल होने की भी बात कही जा रही है। रेलवे की तकनीकी टीम पूरे मामले की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही हादसे की असली वजह साफ हो पाएगी। स्थानीय लोगों ने भी निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग की है।
40 मिनट बंद रहा रायवाला रेलवे फाटक
हादसे और शंटिंग प्रक्रिया के दौरान रायवाला रेलवे फाटक करीब 40 मिनट तक बंद रहा। इस वजह से रायवाला, खांड गांव, गोहरीमाफी और आर्मी कैंट क्षेत्र के लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। बताया जा रहा है कि, फाटक बंद रहने से करीब 40 हजार की आबादी प्रभावित हुई। कई वाहन लंबी कतारों में फंसे रहे।
देर रात तक चलता रहा रेस्क्यू ऑपरेशन
घटना की सूचना मिलते ही रेलवे अधिकारी, इंजीनियरिंग टीम, आरपीएफ और स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंच गई। देर रात तक रेस्क्यू उपकरणों और क्रेन का इंतजार किया जाता रहा। रेलवे की टीम ने क्षतिग्रस्त बोगियों को ट्रैक से हटाने और लाइन बहाल करने का काम शुरू कर दिया। हालांकि देर रात तक यह स्पष्ट नहीं हो सका था कि उज्जैनी एक्सप्रेस मंगलवार सुबह तय समय पर रवाना हो पाएगी या नहीं।
इंदौर से ऋषिकेश-देहरादून को जोड़ती है उज्जैनी एक्सप्रेस
उज्जैनी एक्सप्रेस मध्य प्रदेश के इंदौर को हरिद्वार, योगनगरी ऋषिकेश और देहरादून से जोड़ने वाली अहम ट्रेन मानी जाती है। यह ट्रेन सप्ताह में दो दिन गुरुवार और रविवार को संचालित होती है। ट्रेन इंदौर से दोपहर करीब 3:25 बजे रवाना होकर अगले दिन शाम करीब 6:45 बजे योगनगरी ऋषिकेश पहुंचती है। इसके बाद अगले दिन सुबह यह वापसी के लिए रवाना होती है। उत्तराखंड आने-जाने वाले यात्रियों के लिए यह महत्वपूर्ण रेल सेवाओं में शामिल है।











