Aniruddh Singh
13 Jan 2026
गुरुग्राम। सोना कॉमस्टार के पूर्व अध्यक्ष और संस्थापक सुरिंदर कपूर की विधवा रानी कपूर ने कंपनी के बोर्ड और शेयरहोल्डर्स को एक पत्र लिखकर 29वीं वार्षिक आम बैठक (एजीएम) को तुरंत स्थगित करने का अनुरोध किया है। उन्होंने अपने पत्र में कहा है कि उनके पुत्र संजय कपूर की हाल ही में यूके में संदिग्ध परिस्थितियों में मृत्यु हो गई है। इसके बाद, दुःख की स्थिति में उनके ऊपर कई बार दबाव डालकर दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर करने के लिए मजबूर किया गया।
उन्होंने आरोप लगाया है कि इस दौरान वे भावनात्मक रूप से अत्यंत असहाय थीं और उन्हें लॉक किए गए कमरे में बुलाकर दस्तावेज़ पर हस्ताक्षर करवाया गया, लेकिन उस दस्तावेज की सामग्री उन्हें तक नहीं बताई गई। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें अपने ही बैंक खातों और महत्वपूर्ण दस्तावेजों तक पहुंच से वंचित रखा गया है।
उन्होंने अपने पत्र में आरोप लगाया कि ऐसे लोगों ने मौके का फायदा उठाते हुए पारिवारिक विरासत पर कब्जा करने की कोशिश की और स्वयं को सबसे बड़े शेयरधारक के रूप में प्रस्तुत कर परिवार हितों का प्रतिनिधित्व करने की गलत छवि पेश की। उन्होंने बताया उन्होंने किसी बोर्ड सदस्य को नामित या अनुमोदन नहीं किया है। इसके बावजूद बोर्ड स्तर पर नियुक्तियां उनके बिना जानकारी या सहमति के की जा रही हैं। रानी कपूर ने एजीएम को कम से कम दो सप्ताह तक स्थगित करने की मांग की है, ताकि कंपनी की निर्णय प्रक्रिया पारदर्शी बनी रहे और उन्हें वाजिब जानकारी प्राप्त हो सके। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि बोर्ड और शेयरहोल्डर्स इस पत्र को नजरअंदाज करते हैं, तो यह कंपनी और परिवार दोनों के विरुद्ध भरोसा उल्लंघन और कुप्रबंधन माना जाएगा।
इस घटनाक्रम की वजह से शेयर बाजार में सोना कॉमस्टार के शेयर लगभग 3‑4% तक गिर गए हैं। इन घटनाओं ने कंपनी के भीतर चल रहे गवर्नेंस और पारिवारिक विवाद की तरफ निवेशकों का ध्यान खींचा है। ताजा घटनाक्रम की वजह से कंपनी के शेयरों के प्रति निवेशकों की धारणा कमजोर पड़ी है। सभी धारणाएं और आरोप, रानी कपूर द्वारा दिए गए पत्र और मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित हैं।
कंपनी की ओर से अभी तक इस पर कोई औपचारिक प्रतिक्रिया नहीं की गई है। रानी कपूर का पत्र इस बात की ओर इशारा करता है कि जब व्यक्तिगत और पारिवारिक संकट एक साथ चल रहे हों, तब औपचारिक कारोबारी प्रक्रियाएं उचित विधि और संवेदनशीलता के साथ आगे बढ़नी चाहिए।