इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 के दौरान हुए शर्टलेस प्रदर्शन के मामले में दिल्ली पुलिस ने चार मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। सभी आरोपी इंडियन यूथ कांग्रेस (IYC) से जुड़े नेता हैं।
पुलिस चारों आरोपियों को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश करने की तैयारी कर रही है। वहीं, IYC के अध्यक्ष उदय भानू से पार्लियामेंट स्ट्रीट थाने में पूछताछ भी जारी है।
दिल्ली पुलिस के अनुसार, प्रदर्शनकारियों ने पुलिस के साथ हाथापाई की और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश की। FIR में सार्वजनिक जगह पर अश्लीलता फैलाने, पुलिस से मारपीट और शांति भंग करने जैसी गंभीर धाराएं लगाई गई हैं।
पुलिस ने बताया कि आरोपियों ने समिट के हॉल नंबर-5 में प्रवेश के लिए पहले से QR कोड बनवाया था। टी-शर्ट को स्वेटर के नीचे छिपाकर अंदर ले जाया गया था।
सूत्रों के मुताबिक, शुरुआत में आरोपियों ने काले छातों पर स्टीकर लगाकर अंदर जाने की योजना बनाई थी। लेकिन चेकिंग में पकड़े जाने के डर से प्लान बदला गया और टी-शर्ट पर स्लोगन छपवाए गए। स्टीकर कहां छपे, इसकी जांच चल रही है।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार चारों आरोपियों की पहचान हो चुकी है-
शुरुआत में 4 से 10 लोगों को हिरासत में लिया गया था, लेकिन फिलहाल चार को औपचारिक रूप से गिरफ्तार किया गया है। अन्य की तलाश जारी है।
दिल्ली पुलिस भारत मंडपम में लगे CCTV और सोशल मीडिया की 24 से ज्यादा वीडियो क्लिप्स की जांच कर रही है। कुछ नाम पूछताछ में सामने आए हैं। फरार आरोपियों के फोन बंद हैं, तकनीकी निगरानी के जरिए तलाश हो रही है।
ACP महला ने कहा कि यह घटना पूरी तरह से प्री-प्लान्ड लगती है। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि क्या यह सिर्फ कुछ लोगों की हरकत थी या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश थी।
यह घटना 20 फरवरी 2026 को दोपहर करीब 12:30 बजे हुई। प्रदर्शनकारियों ने नरेंद्र मोदी और भारत-अमेरिका ट्रेड डील के खिलाफ टी-शर्ट पर लिखे स्लोगन दिखाए। शर्ट उतारकर नारे लगाए गए, जिससे वहां मौजूद विदेशी मेहमानों में अफरा-तफरी मच गई।
पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए प्रदर्शनकारियों को बाहर निकाला और तिलक मार्ग थाने ले जाया गया। अब गिरफ्तारी के बाद उन्हें कोर्ट में पेश किया जाएगा, जहां रिमांड या जमानत पर सुनवाई होगी।