AI समिट के दौरान भारतीय युवा कांग्रेस (आईवाईसी) कार्यकर्ताओं के शर्टलेस विरोध प्रदर्शन के बाद सियासी माहौल गरमा गया है। इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस और भाजपा के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। इसी जुबानी जंग के बीच बुधवार को केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला और उनसे कई सवाल पूछे।
गोयल ने अपने बयान में देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू का भी जिक्र किया। इसके साथ ही उन्होंने पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) का मुद्दा उठाते हुए कांग्रेस की नीतियों और इतिहास पर सवाल खड़े किए। इस बयान के बाद राजनीतिक बयानबाजी और तेज हो गई है, जहां दोनों दल एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं।
पीयूष ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला बोलते हुए उन्हें “नकारात्मक राजनीति का पोस्टर ब्वॉय” बताया। गोयल ने दावा किया कि राहुल गांधी अब तक 247 बार विदेश यात्राएं कर चुके हैं और कई मौकों पर तय प्रोटोकॉल की अनदेखी की गई है। उन्होंने यह आरोप भी लगाया कि संवेदनशील सीमा क्षेत्र लद्दाख में राहुल गांधी ऐसे विदेशी व्यक्तियों के संपर्क में रहे, जो भारत के हितों के खिलाफ काम करते हैं। गोयल के इन बयानों के बाद राजनीतिक हलकों में बयानबाजी और तेज हो गई है, वहीं कांग्रेस ने इन आरोपों को पहले की तरह निराधार बताते हुए खारिज करने के संकेत दिए हैं।
केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि भाजपा नेता नितिन नवीन ने पटना में हुई पत्रकार वार्ता के दौरान यह बताया कि किस तरह गांधी परिवार की राजनीति को “समझौता करने वाली राजनीति” के उदाहरण के तौर पर देखा जाता रहा है। पीयूष गोयल ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी और उनकी कांग्रेस पार्टी ने बार-बार देशहित के मुद्दों पर समझौता किया है। उनके मुताबिक, कांग्रेस की नीतियों और फैसलों से राष्ट्रीय हित प्रभावित हुए हैं, जिसे जनता अब भली-भांति समझ रही है।