Aakash Waghmare
14 Jan 2026
भोपाल। मध्यप्रदेश में इस बार ठंड ने पिछले कई वर्षों के रिकॉर्ड तोड़े हैं। बर्फीली हवाओं और घने कोहरे का असर प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में लगातार बना हुआ है। वहीं आज मकर संक्रांति के दिन ठंड से हल्की राहत मिलने की संभावना जताई जा रही है। मंगलवार सुबह प्रदेश के कई जिलों में मध्यम स्तर का कोहरा देखने को मिला।
जबकि कुछ क्षेत्रों में हल्का कोहरा छाया रहा। राहत की बात यह है कि आज प्रदेश के किसी भी जिले में कोल्ड डे या शीतलहर का अलर्ट जारी नहीं किया गया है।
जिससे शीतलहर की चेतावनी नहीं होने के बावजूद मध्यप्रदेश के उत्तरी हिस्से में ठंड का असर सबसे अधिक महसूस किया जा रहा है। ग्वालियर-चंबल और बुंदेलखंड अंचल में सर्द हवाओं के चलते तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। मंगलवार को प्रदेश का सबसे ठंडा स्थान कटनी जिले का करौंदी रहा, जहां न्यूनतम तापमान 4.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
बुधावर के मौसम के इस मिजाज को देखते हुए मकर संक्रांति के अवसर पर पतंगबाजी के शौकीन लोगों के लिए हालात अनुकूल रहने वाले हैं। सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन के अनुसार बुधवार को प्रदेशभर में मौसम शुष्क रहेगा और अगले चार दिनों तक इसी तरह का मौसम बने रहने का अनुमान है।
मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि बुधवार को मध्यप्रदेश के किसी भी जिले में न तो कोल्ड वेव यानी शीतलहर का अलर्ट जारी किया गया है और न ही कहीं कोल्ड डे की स्थिति रहेगी। ऐसे में लोग मकर संक्रांति का पर्व बिना किसी मौसम संबंधी परेशानी के उत्साहपूर्वक मना सकेंगे। खास तौर पर इंदौर और उज्जैन संभाग के मालवा-निमाड़ क्षेत्र में मकर संक्रांति पर बड़े पैमाने पर पतंगबाजी होती है। साफ मौसम और तेज धूप की मौजूदगी में पतंग उड़ाने में किसी तरह की बाधा आने की संभावना नहीं है।
मौसम विभाग के अनुसार आज मध्यप्रदेश में मौसम शुष्क बने रहने की संभावना है। सुबह के समय ग्वालियर, मुरैना, दतिया, भिंड, छतरपुर, पन्ना, सतना, निवाड़ी और टीकमगढ़ जिलों में मध्यम स्तर का कोहरा छाया रहा, जबकि अन्य जिलों में हल्का कोहरा देखने को मिला। बुधवार को भी शीतलहर चलने की संभावना नहीं जताई गई है, हालांकि उत्तरी हिस्सों में सर्द हवाओं के कारण ठंड का असर बना रह सकता है। भारतीय मौसम विभाग के मुताबिक अगले तीन से चार दिनों तक प्रदेश के मौसम में किसी बड़े बदलाव के आसार नहीं हैं।
मंगलवार को प्रदेश के पांच सबसे ठंडे शहरों में करौंदी और छतरपुर का नौगांव पहले स्थान पर रहा, जहां न्यूनतम तापमान 4.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके बाद चित्रकूट में 5.3 डिग्री, नौगांव में 5.5 डिग्री, पचमढ़ी में 5.8 डिग्री और खजुराहो में 6 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान रिकॉर्ड किया गया। वहीं अधिकतम तापमान की बात करें तो मुरैना में सबसे कम 19.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा दतिया में 19.8 डिग्री, चित्रकूट में 20.4 डिग्री, पचमढ़ी में 21.2 डिग्री और पृथ्वीपुर में 21.4 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान रिकॉर्ड हुआ।