🌤️
--Bhopal, India

PlayBreaking News

स्कूल पहुंचते ही नहीं! पहले हल करना होगा गणित का सवाल, MP में शिक्षकों की ई-अटेंडेंस का नया नियम

मध्य प्रदेश के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की ऑनलाइन हाजिरी को लेकर नई व्यवस्था शुरू की गई है। अब अटेंडेंस दर्ज करने से पहले शिक्षक को आसान गणित का सवाल हल करना होगा। इसके साथ ही 15 मिनट की अतिरिक्त छूट भी दी गई है। सर्वर पर बढ़ते दबाव को देखते हुए विभाग ने ऐप में कैप्चा सिस्टम जोड़ा है।
Follow on Google News
स्कूल पहुंचते ही नहीं! पहले हल करना होगा गणित का सवाल, MP में शिक्षकों की ई-अटेंडेंस का नया नियम
मध्य प्रदेश ई-अटेंडेंस

भोपाल। मध्य प्रदेश के सरकारी स्कूलों में पढ़ाने वाले शिक्षकों के लिए ई-अटेंडेंस व्यवस्था में बदलाव किया गया है। अब स्कूल में उपस्थिति दर्ज करने से पहले उन्हें एक आसान गणित का सवाल हल करना पड़ेगा। सही जवाब देने के बाद ही मोबाइल ऐप पर हाजिरी दर्ज हो सकेगी। शिक्षा विभाग ने यह कदम एक साथ बड़ी संख्या में शिक्षकों के ऐप पर लॉगिन करने से पैदा हो रही तकनीकी परेशानी को कम करने के लिए उठाया है। प्रदेश में तीन लाख से ज्यादा नियमित और अतिथि शिक्षक इस व्यवस्था का इस्तेमाल कर रहे हैं। इसके अलावा शिक्षकों को अटेंडेंस दर्ज कराने के लिए 15 मिनट का ग्रेस पीरियड भी दिया गया है।

हाजिरी से पहले देना होगा गणित का जवाब

नई व्यवस्था में शिक्षकों को ‘हमारे शिक्षक ऐप’ पर उपस्थिति दर्ज करने से पहले कैप्चा पूरा करना होगा। स्क्रीन पर जोड़ या घटाव का एक सामान्य सवाल दिखाई देगा। शिक्षक को उसका सही उत्तर दर्ज करना होगा। जवाब सही होने पर ही आगे बढ़कर ई-अटेंडेंस लगाने का विकल्प मिलेगा। विभाग का मानना है कि इस प्रक्रिया से एक साथ होने वाले लॉगिन को बेहतर तरीके से संभालने में मदद मिलेगी।

ये भी पढ़ें: महाकाल में खोई चप्पल, ChatGPT ने हजारों जूतों के बीच ढूंढ निकाली सही जगह

तीन लाख से ज्यादा शिक्षक इस्तेमाल कर रहे ऐप

प्रदेश में तीन लाख से अधिक शिक्षक और अतिथि शिक्षक ई-अटेंडेंस व्यवस्था से जुड़े हैं। बड़ी संख्या में शिक्षक एक ही समय पर ऐप में लॉगिन करते हैं, जिससे सर्वर पर अचानक काफी दबाव बन जाता है। इसी वजह से कई बार ऐप धीमा होने या तकनीकी दिक्कत आने की स्थिति सामने आई। नई व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य इसी दबाव को कम करना है। विभाग ने इसके लिए सर्वर की क्षमता बढ़ाने का काम भी किया है।

15 मिनट का ग्रेस पीरियड भी मिलेगा

शिक्षकों को अटेंडेंस के लिए अब 15 मिनट का ग्रेस पीरियड दिया जा रहा है। पहली पाली में सुबह 10:30 बजे और दूसरी पाली में शाम 4:15 बजे तक उपस्थिति दर्ज कराने की व्यवस्था बताई गई है। इसका मतलब यह है कि निर्धारित समय के आसपास थोड़ी देरी होने पर शिक्षकों को अतिरिक्त समय मिल सकेगा। विभाग ने इस सुविधा को सीमित रखने की बात कही है।

देरी हुई तो प्राचार्य को देनी होगी सूचना

अगर किसी शिक्षक को किसी उचित कारण से स्कूल पहुंचने में देरी होती है, तो वह प्राचार्य को वॉट्सऐप के जरिए इसकी जानकारी दे सकेगा। हालांकि, इस सुविधा का बार-बार इस्तेमाल करने की अनुमति नहीं होगी। विभाग का मकसद यह है कि वास्तविक परेशानी की स्थिति में शिक्षक को अपनी बात रखने का मौका मिले, लेकिन ग्रेस पीरियड या सूचना की सुविधा का गलत इस्तेमाल न हो।

एक साथ लॉगआउट से बिगड़ी थी व्यवस्था

बीते दिनों करीब पौने दो लाख शिक्षकों के एक साथ ऐप से लॉगआउट करने के कारण ई-अटेंडेंस सिस्टम पर असर पड़ा था। बड़ी संख्या में यूजर्स के एक साथ सिस्टम से जुड़ने और बाहर निकलने से तकनीकी दबाव बढ़ा। इसके बाद सर्वर की क्षमता बढ़ाने और कैप्चा जैसी व्यवस्था लागू करने पर जोर दिया गया है।

ये भी पढ़ें: Twisha Sharma Death Case: ‘मुझे शांति से मरने दो’... मौत से पहले भेजा था ऐसा मैसेज, पढ़कर कांप उठेंगे आप

आयुक्त ने खुद लगाई ई-अटेंडेंस

लोक शिक्षण संचालनालय के आयुक्त अभिषेक सिंह ने भी ई-अटेंडेंस व्यवस्था को लेकर अपनी बात रखी है। उन्होंने 17 अगस्त को कार्यालय पहुंचकर खुद ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज की। आयुक्त ने कहा कि वह पद पर रहने तक रोज ई-अटेंडेंस लगाएंगे। उनका कहना है कि शिक्षक अगर स्कूल में पूरा समय रहकर बच्चों को पढ़ाएंगे, तो पढ़ाई की गुणवत्ता बेहतर होगी और इसका असर परीक्षा परिणामों में भी दिखाई देगा।

Aditi Rawat
By Aditi Rawat

अदिति रावत | MCU, भोपाल से M.Sc.(न्यू मीडिया टेक्नॉलजी) | एंकर, न्यूज़ एक्ज़िक्यूटिव की जिम्मेदारिय...Read More

icon

Latest Posts