Gwalior News : नशे में PhD’, ‘लोधी-मोदी जोड़ो यात्रा’ और CM पद की मांग पर प्रीतम लोधी के बयानों से मचा हड़कंप

ग्वालियर। भाजपा विधायक प्रीतम लोधी एक बार फिर अपने बयानों को लेकर चर्चा में आ गए हैं। मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने नशे के खिलाफ अभियान चलाने और युवाओं को जागरूक करने की बात कही। साथ ही उन्होंने ग्वालियर से दिल्ली तक पदयात्रा निकालने का ऐलान किया और लोधी समाज के लिए राजनीतिक प्रतिनिधित्व की मांग भी उठाई। उनके इन बयानों के बाद प्रदेश की राजनीति में नई बहस शुरू हो गई है और सियासी माहौल एक बार फिर गरमा गया है।
प्रीतम लोधी का बयान
मध्य प्रदेश के ग्वालियर से भाजपा विधायक प्रीतम लोधी एक बार फिर अपने बयानों को लेकर राजनीतिक चर्चा के केंद्र में आ गए हैं। हाल ही में उन्होंने मीडिया से बातचीत के दौरान कई ऐसे बयान दिए, जिन्होंने राज्य की सियासत में नई हलचल पैदा कर दी है। कभी नशे को लेकर उनकी टिप्पणी सुर्खियों में रही तो कभी उन्होंने समाज और राजनीतिक प्रतिनिधित्व से जुड़े मुद्दों को खुलकर उठाया। ग्वालियर में दिए गए उनके ताजा बयानों के बाद एक बार फिर विपक्ष और सोशल मीडिया पर बहस तेज हो गई है। उनके विचारों को कुछ लोग सामाजिक संदेश के रूप में देख रहे हैं, तो कुछ इसे राजनीतिक रणनीति बता रहे हैं।
‘नशे में पीएचडी’ वाला बयान
प्रीतम लोधी ने मीडिया से बातचीत में कहा कि उन्होंने नशे के अनुभव को बेहद करीब से समझा है और इसी वजह से वह इसे “नशे में पीएचडी” जैसा बताते हैं। उनका कहना है कि नशा व्यक्ति और समाज दोनों को बर्बादी की तरफ ले जाता है। उन्होंने यह भी घोषणा की कि अब वह नशे के खिलाफ बड़ा अभियान चलाएंगे और युवाओं को इससे दूर रहने के लिए जागरूक करेंगे। उनके इस बयान ने सोशल मीडिया पर अलग अलग प्रतिक्रियाएं पैदा की हैं। कुछ लोग इसे गंभीर सामाजिक मुद्दे पर जागरूकता की कोशिश मान रहे हैं, जबकि कई लोग इसे गैर जिम्मेदाराना बयान कह रहे हैं।
ग्वालियर से दिल्ली तक पदयात्रा का ऐलान
विधायक प्रीतम लोधी ने ग्वालियर से दिल्ली तक पदयात्रा निकालने की घोषणा भी की है। उन्होंने इसे लोधी- मोदी जोड़ो यात्रा और नशा मुक्ति अभियान से जोड़कर बताया है। उनका कहना है कि इस यात्रा का उद्देश्य समाज को जागरूक करना और युवाओं को नशे से दूर रखना है। इस यात्रा के जरिए वह लोधी समाज को एकजुट करने और उनकी राजनीतिक व सामाजिक पहचान को मजबूत करने की बात कर रहे हैं। उनके इस ऐलान को आने वाले समय में बड़े राजनीतिक कार्यक्रम के रूप में भी देखा जा रहा है।
देश में लोधी मुख्यमंत्री की मांग
प्रीतम लोधी ने एक और बड़ा बयान देते हुए कहा कि देश के किसी एक राज्य में लोधी समाज के नेता को मुख्यमंत्री बनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि लोधी समाज का इतिहास वीरता और संघर्ष से भरा हुआ है, इसलिए उसे राजनीतिक स्तर पर भी उचित प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए। उन्होंने उदाहरण के तौर पर कई नेताओं का जिक्र करते हुए कहा कि समाज के लोगों ने हमेशा देश के लिए योगदान दिया है, लेकिन उन्हें सत्ता में बराबरी का मौका नहीं मिला। उनके इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में नई बहस शुरू हो गई है।
कल्याण सिंह को भारत रत्न देने की मांग
इस मौके पर प्रीतम लोधी ने उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह को भारत रत्न देने की मांग भी दोहराई। उन्होंने कहा कि राम मंदिर आंदोलन में कल्याण सिंह की भूमिका ऐतिहासिक रही है और उन्होंने इसके लिए अपने पद तक का त्याग किया था। लोधी ने कहा कि अगर अन्य क्षेत्रों के लोगों को देश का सर्वोच्च सम्मान मिल सकता है, तो कल्याण सिंह जैसे नेताओं को भी यह सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने यह मुद्दा अपनी प्रस्तावित पदयात्रा में भी उठाने की बात कही है।
पीएम मोदी और विपक्ष
ग्वालियर में बातचीत के दौरान प्रीतम लोधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ करते हुए कहा कि वे नामुमकिन को भी मुमकिन बना देते हैं। उन्होंने कहा कि देश में हो रहे राजनीतिक बदलाव मोदी नेतृत्व का परिणाम हैं। इसके साथ ही उन्होंने कांग्रेस पर भी हमला बोला और कहा कि विपक्ष के पास अब केवल बयानबाजी बची है। उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में भाजपा का प्रभाव और बढ़ेगा।











